my new kahani yeh kesi ehasaas (Full Storyd) – New Episode
यह केसी अनुभुती
एपसोड - ५२
दिव्या : (सरमाके) जीजु आप् फीर मजाक करनेलगे नेनु दीको पुछाहे आपको कच्चाही चबा जायेगी (हसनेलगी)
मे : ओकेछोड सभी, बता क्याँ कहेना चाहती थि.अबआगे
दिव्या : जीजुजब मेरा ब्रेकअप हुआतब मे बहोत अपसेट थि तब मुजे ताराभभी ओर हमारी छोटी रीटाने मुजे बहोत सम्हाला रीटातो मुजे कभीभी अकेली नहीं छोडती थि उसको डरथा कि मे कोइ उलटाकदम नाँ उठालु ओर मुजे वोँ अपनेसंग हमारी ओफीस लेजाने लगीओर मुजे धीरे-धीरे धीरे-धीरे करकेइस डीप्रेसनसे बहार नीकाला अेकदीन जब सामको ओफीसमें छुटीके बाद मे मेराफोन भुल गइथी जोँ लेनेआगइ तोँ देखा ओफीस अभि भि खुला थां
दिव्या : (थोडीदेर रुकके) मे चेक करनेगइ तौ सुनीलभैया कि ओफीस मे कोइ थां तौ मेने अंदर दरवाजा खोलकर देखातो सुनीलभैया ओर सारीका दिदी दोनो फीजीकल थें तौ मे सोक्ट होगइओर दरवाजा बंध करकेघऱ चलीगइ तोँ भाइको डर लगाकी हमारा भांडा फोड दुगीतब रातको सारीकादी सबके सोनेके बाद मेरे कमरेमें आइओर मुजे उसकीसभी कहानी बतादी कि भाइके संगजब जवानीमें कदमरखा तबसे सारीरीक सबंधहे ओर दोनोअेक दुसरेसे प्रेम करतेहे
मे : हां तौ इसमे तुजे क्याँ प्राबलेम होगइ जोँ तुघऱ छोडने राजी होगइ
दिव्या : आगे तौ सुनो, जब सारीकादीने बताया तब मेने अेक्सेप करलीया थां पर्र भाइ कों मुजपे भरोसा नहीं थां तब जाकेअेक दीन ओफीसमें मे अकेली थि तबभाइ आयाओर मुजे धमकाने लगा तोँ हमारी कहासुनी होगइओर भाइ मुजसे जबरदस्ती करनेलगा कि अेकबार मुजसे फीजीकल होजाये तौ मे डरसेमुह नहीं खोलुगी पर्र अेन्डवक्तपे सारीकादी आगइओर भाइको अेक तमाचा जड दीयाओर मुजे बचालीया
दिव्या : (आंखनम करके)फीर वोँ मुजेघऱ छोडके अपने पतीके घऱचली गइओर भाइसे बात करनाबंध करदीतब भाइको अपनी गलतीका अहेसास हुआओर मुजसे माफी मागनें लगे पऱ मेनेउसे बात करनाही बंध करदीया थां अबतो वोँ बहोत पछतारहे हे सारीका दीदीको तौ मनालीया पऱ मुजसे बात नहीं करपाते तबसे मुजेउस घरमें घुटन महेसुस होनेलगी ताराभाभीको भि कुछसक होगया थां उसने मुजे बहोत पुछा इसबारे मे पऱ मेने नहीं बताया, अगरबता देतीतो उसका रीस्ता टुटनेका डर थां, इसमें बेचारी भाभीकी क्याँ गलती जोँ अपना संसार बरबाद करलेती इसीलीये उनको नहीं बताया यहबात सीर्फ सारीका दिदी नेनुओर अब आप् जानते हे
मे : हं तोँ येबात हे, वेसे कलहीइस बारेमें बात हुइ उनसे वोँ वाकइ पछतारहे हे जीर्कतो नहीं कीया पर्र इतना बोलाकी सभी छोडके आश्रमकी सेवा करके अपना प्रायस्चीत करना चाहते हे
दिव्या : हां जीजु मेने भि नोटीस कीयाहे दोतीन बार तोँ मुजे देखतेही उसके आंखोसे पानी बहेने लगताहे पर्र मेरे दीमागसे वोँ हादसा जाताही नहीं
मे : दिवुअेक बात मानेगी मेरी, तु उसेमाफ करदे, भुलजा तेरेसंग कभी अेसाकुछ हुआ थां अबतु मेरी जीम्वेवारी हे तेरा बालभी बाका नहीं होने दुगाअेक बातओर वोँ अब सारीका दीदीसे सादी करने वालाहे ओर ताराभाभी हि करवायेगी फीर तीनो गांवमें सुकुनकी जींदगी गुजारना चाहते हे तोँ सभी भुलजा यह नफरतअेक अेसीचीज हे जौ हमे भि चेनसे नहीं रहेने देतीओर सामने वालेको भि नहीं रहेने देती
दिव्या : जीजु सायद आप् ठीककहे रहेहे, तौ अब आपही बताये मे क्याँ करु?
मे : बसकुछ नहींतु बसअेक बार मीलकर उन्हे इतना कहेदे कि मेने आपकोमाफ करदीया हेफीर देख वोँ कीतना खुस होकर सुकुनकी जींदगी जीतेहे ओर तेरे दीमागसे भि यह हादसा नीकल जायेगा मेरी गेरेन्टी हे, अगर तुजेडर लगताहे तोँ मे तेरेसंग रहुगा ओके
दिव्या : हां जीजु सायदयही ठीक रहेगा ठीकहे आप् साथमे रहेना मे उससेबात करुगी
मे : थेन्कस दिवु तुने मुजपे भरोसा कीया हमतो इतना चाहते हेबसतु खुसरहे ओर तेरे चहेरे पऱ हमेसा स्माइल रहे, कीतने सालोसे नहींहसी तु हैं.हैं.हैं। (हसनेलगा)
दिव्या : हांअब खीचो टांग, वेसे थेन्कस तोँ मुजे कहेना पडेगा आज आपने मेरे मनकाबोज हलका करदीया
मे : अपनोसे थेन्कस सोरी नहींकहा जाता समजी वेसे तुजे हमारे रुल्सतो पताही होगा
दिव्या : (सरमाके) अरेहां नेनु दीने बताया थां अब नहीं कहुगी मुजेकोइ जोखीम नहीं लेनाहे हैं.हैं.हैं।
मे : हंबस अेसेही हसाकर हसते हुअेतु बहुतही अच्छी लगतीहे
दिव्या : जीजु मेने सुनाहे सबको आप् आइसक्रिम खीलाने स्पेसीयल जगाह लें जाते हौ कभी हमेभी तोँ खीलाने लेजाइअे
मे : (हसकर) नहीं लेजा सकता जोखीम हे हैं.हैं.हैं., जीसको भि लेगया आज वोँ मेरी पत्नि हेअेक बार सोचले
दिव्या : (हसकर) अेसा थोडी होताहे, उसमे कहाकी जोखीम अबतो देख्ना हि पडेगा कहोकब लेजारहे हौ
मे : तेराकाम पुरा होगया तोँ चल अभि लेजाता हुं
दिव्या : हां मे घऱ जाके करलुगी चलो मे अभि पेनमे फाइल लेकरआती हुं
कहेके वोँ चलीगइ फीर थोडी देरमें आइतो हम् दोनो नीकलगये ओर सीधे आइसक्रिम पार्लरकी वोही केबीन मे जाकेबेठ गयेफीर मेने बताया केसे हम् आइसक्रिम खातेहे तोँ सुनके सरमाने लगीतब वेइटर ओर्डर लेकरचला गय़ा अब दिव्याकी चुत पानी छोडने लगीओर उसेइस खेलमें आनंदआने लगा वोँ आज अनुभव करके देख्ना चाहती थि कि वाकइ अेसा होताहे वोँ इसबात माननेको राजी नहीं थि तौ मेनेकहा
मे : बोलअब खायेगी आइसक्रिम अभीभी मोकाहे सोचले बादमें पस्तायेगी
दिव्या : अेसाकुछ नहीं होता आप् मुजेडरा रहेहे हैं.हैं.हैं।
तभी वेइटर दोकप देकरचला गय़ा तोँ मेने दोनोचमच लेलीया तौ वोँ हसनेलगी फीर उगलीमें आइसक्रिम भरके उसके मुहके सामने रखा तोँ वोँ मुजे देखकर हसनेलगी फीर सरमाके अपना मुंहखोल लीयातो मेने खीला दीयातो वोँ समज गइकी क्याँ करनाहे फीर वोभी मुजे अेसे खीलाने लगीओर मेरी आंखोमें देखकर मुस्करा रही थि तौ मेनेअेक पेर उसके पांव पऱ रखकर सहेलाने लगा तोँ उसकीहसी छुटगइ ओर मुजसे कहेने लगी
दिव्या : (हसकर) जीजु अेसामत करीये प्लीज, मे आपकी गर्लफ्रेन्ड नहींहुं समजे
मे : तोँ इसीलीये तोँ तुजे यहां लायाहुं तोँ बनजा गर्लफ्रेन्ड
दिव्या : (हसकर) नेनुदी कों देखाहे उसे मालुम पडा तोँ हम् दोनोको मार डालेगी
मे : अगरउसे मालुम नहींहे तोभी मालुम होजायेगा क्युकी मे उसेबता दुगा
दिव्या : (चोंकते हसकर) व्होट.यह भि बता दोगे, आप् पागलतो नहीं हौ?
मे : जी नहीं क्युकी मे उनसेकुछ नहीं छुपाता मुजेसभी बताना पडेगा इनफेक्ट नेनु नेही मुजे परमीसन दीहे कि तुजे आइसक्रिम खीलाने लेजाउ
दिव्या : (हसकर) आप् पती पत्नि कमालके हौ कीतना अंडरस्टेन्डींग हे दोनो मे अबपेर हटाइअे मुजेकुछ हौ रहाहे (सरमागइ)
मे : होनेदो यहां तौ यहसभी भुगतना पडेगा (हसनेलगा)
हम् दोनो अभीभी अेक दुसरोसे आइसक्रिम खीलारहे थें तौ दिव्या थोडी उतेजीत होनेलगी ओर मेरीतरफ कामुक नजरसे देखकर हसेजा रही थि तब मेने अपना पांव थोडा उपर लेगया तौ उसके मुहसे सीसकारीया नीकलगइ ओर मुजे खाजाने वाली नजरसे देखने लगी वोँ कोइ पांव हटानेका प्रयत्न नहींकर रही थि उसेइस खेलमें आनंद आरहा थां वोँ अेकदम गर्म होगइओर उसने भि मेरा पांव सहेलाना सुरुकर दीया
तब अचानक वोँ उठगइओर मेरेपास आकर उसने अपना होंठ मेरे होंठ पे रख दीयेओर मुजे पागलकी तराहकीस करनेलगी फीर हम् दोनोने अपनीजीभ अेक दुजेके मुहमें डालने लगेतभी बहारआहट सुनाइ दि तोँ वोँ जटसे अपनी जगाहबेठ गइओर नीचे देखकर मुस्कराने लगीतभी वेइटर आया तोँ मेनेअेक कपओर मंगवा लीया तोँ वोँ हमे देकरचला गय़ा फीर दिव्या नें मेरीतरफ कामुक मुस्कानसे देखकर कहा
दिव्या : जीजु आप् बुरामत मानना जब होटेलमें थें तबसे आपसे प्रेम होगया हे प्लीज आप् मेरा प्रेम कबुल करलो मे आपकी रानी बनना चातीहुं
मे : मुजे मालुम हे दिवु, ओर नेनुको भि मालुम हेबस हम् तेरे मुहसे सुनना चाहते थें आइलवयु बेबी मेरीकइ बीवीओमेसे अेक तुहे
दिव्या : (खुसीसे) क्याँ सचकहे रहेहो ओहमाय गोड, आइ लवयु जानुआइ लवयुसो मच
कहेके मेरेपास आगइ तोँ मेनेउसे अपनी बाहोंमें भरलीया ओर हमारे होंठ आपसमें मीलगये फीर मेने उसको सामने बीठाया ओर हम् दोनोअेक दुजेको आइसक्रिम खालीने लगे दिवु मेरी आंखोमें हि देखेजा रही थि ओर हमने आइसक्रिम खतम कीयाफीर हम् बील पे करके गाड़ी मे बेठगये ओर हम् अंकलके घरकीओर जानेलगे तौ मेनेउसे कहा
मे : दिवु अभि हमारे प्यारको छुपाना हेसभी सही होगातब हम् बतायेगे ओके
दिव्या : ओके जानु जेसा आप् बोलो आपके दीलमें जगाह देनेके लीये सुक्रिया
मे : मोका देखकर मे नेनुसे बात करलुगा फीरआगे क्याँ करनाहे वोही डीसाइड करेगी
दिव्या : कोइबात नहींआज मे बहोत खुसहुं आइलवयु सोमच
मे : लवयुटु बेबी, अब बोल मेनेसच कहाथाने तुजे, कि तुमेरी पत्नि होँ जायेगी
दिव्या : अरेहां मेतो भुलही गइथीइस बातको, वाकइयह बातसच होगइ हैं.हैं.हैं।
फीर हम् घऱ पहोंच गये तोँ नेनु मुजे देखकर खुस होगइफीर वोँ स्वयं चाइ नास्ता बनाने कीचनमें गइ तोँ दिवु उसके पीछेचली गइओर मे फ्रस होनेचला गय़ा जब फ्रसे होकर बहारआया तोँ धारा मेरा वेइटकर रहीथी तोवोआकर मुजसे लीपटगइ ओरकहा
धारा : जानु मुजेअब घऱ आनां हैं आपके बीना मुजेयहा अच्छा नहीं लगता
मे : (उसकीपीठ सहेलाते) हां जानु आप् सबको लेने हि आयाहुं आप् रेडी होजाओ
धारा : मेने अपनी पेकींग करलीहे मेरे कपडेइधर थें वोँ सभी लेलीये हे
फीर हमनेकीस कीयाओर अलग होगये तब मे बहारआकर सुनीलके पासबेठ गय़ा तभी नेनु सबके लीयेचाइ नास्ता लाइओर हम् सभीचाइ नास्ता करनेलगे चाइ नास्ता खतम कीयातो सभी जानेकी तैयारी करनेलगे तौ मेने अजयको अपनी गाड़ी लेकरइधर आनेको कहातभी राजनभी आगया तोँ उसनेभी चाइ नास्ता कीयाओर मुजसे कहा
राजन : भाइयहा आदमीका ईन्तजाम होगया हे वोँ अगले महीने १ डेटको जोइन करलेगा तौ अभि १५दीन बाकीहे फीर मे भि वहां आजाउगा
मे : चलोयह अच्छा हुआ, तब तक आंटी कमलाभाभीके संगरहे लेगी क्यु आंटी
आंटी : हांहां क्यु नहीं राजन आजाये तब मे वापस आजाउगी
नेनु : अरे आंटी तबतक तौ हमसबवही आजायेगे भुलगइ क्याँ हम् थोडे जल्द नीकल जायेगे क्युराज
मे : हां यहांका काम नीपट जातेही हम् सभी नीकल जायेगे ओर सुनीलभैया ताराभाभी आप् सबको भि वहां आनांहे अभीसे आपको जोँ अेरेन्ज करनाहे वोँ करलेना कहे देताहुं
सुनील : अरेभाइ आप् आओतोसही आप् सबका स्वागत हि हम् करेगे क्यु तारा
तारा : जी देवरजी हमतो आपको सरप्राइज देना चाहते थें आपके भाइने सभीबता दीया
सुनील : ओह सोरी तारा मे अेक्साइटेड मे भुल गय़ा सोरी
फीर हम् सभीखडे होँ गयेओर नीचे जानेलगे सभी नीचेचले गये मे ओर नेनु धाराओर आंटी पीछेरहे गयेफीर आंटीने घऱ कों लोक लगाया ओर हम् नीचे उतरने लगेओर हम् नीये आगयेतब अजय भि आगया तोँ राजनओर कमलाभाभी बाइक लेकर हमारे संग आरहे थें हम् सभी गाड़ी मे अेडजेस्ट होकरबेठ गयेओर हम् घऱ आगयेअजय हमे छोडकर चला गय़ा ओरसभी सोफे पर्र बैठगये तब मेने अंजुओर धाराको कलकी मीटींग केँ बारे मे बताया तौ धाराने कहा
धारा : कल मे भि ओफीस आउगी मेराकाम पडेगा उधर
मे : नहीं धारा अभि अेकदो दीन रुकजा हम् पींडदान करलेफीर बादमें आजाना
आंटी : नहींराज आनेदे उसेकुछ काममें मन लगाअेगी तौ उसको अच्छा लगेगा
मे : ठीकहे, जेसे आप् कहे नेनु आप् लोग फटाफट डीनर बनालो सुनीलभैया डीनर करके हि जायेगे ताकी रास्ते मे उसे ज़्यादा वक्त रुकना नां पडे
तब कमला सोनुजसु ओर अंजु कीचनमें जाके फटाफट रसोइ बनाने लगी ताराभाभी ओर आंटी दादीमा वालेरुम मे चलीगइ ओर नेनुओर दिवुउपर चलीगइ तब मे ओर सुनील अकेले बेठे थें तब सुनीलनें कहा
सुनील : भाइ आप् दिवुका ध्यान रखनायह मेरी गलतीकी वजहसे हि हमसेदुर चलीगइ
मे : भुल जाइअे सभी, मुजेसभी मालुम हे उसने आपकोमाफ करदीया हे
यह सुनतेही सुनीलकी आंखसे आंसुटपक गये तौ उसने फोरनसाफ करलीये तौ मेने उसके कंधे पर्र हाथ रखदीया तोवो हसनेकी कोसीस करनेलगा फीर मेने टड्ढावेल्स मे मोबाइल करकेअेक टीकीट बुक करवाली तोँ बस९ बजेकी थि तौ कीचन मे देखकर कहा कि सुनील भैया ९बजे जाने वालेहे थोडी देरमें सभी तैयार होगया तोँ हम् सभी खानेके लीयेबेठ गये
फीर हमने खानां खा लीयाफीर ८.३०बज गये तौ सुनीलजी खडे होगये ओर सबकोगले मीले मे उसको वाहन लेके छोडने जारहा थां तौ राजनने कहा मे छोडके आताहुं तोँ मेने इसारेसे मना कीया तौ राजनसमज गय़ा फीर मेने दिवुको आवाज़ देकर बुलालीया ओर मेरेसंग चलनेको कहा तोँ दिवुसमज गइओर मेरेसंग चलनेलगी
सुनील मेरेसंग आगेबेठ गय़ा वोँ दिवुके सामने देख नहींपा रहा थां ओर दिवु मेरे पीछेबेठ गइओर हम् टड्ढावेल्स ओफीस पहोंच गये तौ बसआगइ थि ओर वक्त भि होगया थां फीर सुनील मुजेगले मीलातब दिवुभी उसेगले मीली तौ सुनीलकी आंखसे आंसु नीकले तौ दिव्याने कहा
दिव्या : भाइ आप् रोइअे मत मेने आपकोमाफ करदीया हे
सुनील : (खुस होकर) थेन्कयु बीटु, थेन्कयु वेरीमच अब मुजे चेइन मीलेगा आजसेतु मेरी बहेन नहींहे, मेरी बेटी हेअब तोँ मुजेतु काजलकी तराह मुजे पिताजी कहेना
दिवु : ठीकहे बापू मे आपसेअेक बातओर कहेना चाहती हुं
सुनील : हांहां बोल बेटा
दिव्या : पिताजी मे राजसे प्रेम करतीहुं ओर उससे सादी करना चाहती हुंयह बात नेनुदी ओरसभी जानते हे
सुनील : (खुस होकर) तोँ बेटा हमेकोइ अेतराज नहींहे मेरा आशीर्वाद हमेसा तेरेसंग रहेगा तुम् खुसरहो यही मे चाहता हुं
ओर सुनीलने उसके सरमें हाथ रखदीया ओर आंसुटपक गये तौ दिवु उसकोगले लगगइतब बसका होर्न बजातो मे ओर दिवु दोनो साथमें सुनीलके पाव छुअे तौ उसने हम् दोनोको आशीर्वाद दीयेओर मुजे इतना हि कहेपाया
सुनील : भाइ मेरी बेटीका खयाल रखना
कहेके आंसुके संग वोँ बसमें चडगये फीरबस चलनेलगी तौ हमेबाय बोलके देखता रहाफीर हम् दोनो कारमें आकेबेठ गये तोँ बेठतेही दिवु मुजसे लीपटगइ ओर मुजे थेन्कयु कहेने लगीओर आंखेनम करलीफीर कहा
दिव्या : जीजु आप् सहीकेह रहे थें आज मे बहोत हल्का महेसुस कररही हुंओर भाइ भि ओह। सोरी मेरे पिताजी भि (कहेके हसनेलगी)
मे : यह उसनेसही कीया बाप कभी बेटीके बारेमें गलत सोचभी नहीं सकता इसलीये तुजे बेटी बनालीया
दिव्या : जीजु मेने पापाको हमारी सादीके बारेमे बताके कोइ गलती तोँ नहीं कि?
मे : नहीं दिवुअगर तु नहीं बताती तोँ मे बता देता बहोत अच्छा कीया तुने
फीर हम् घऱ आगये तोँ सभी सोफे पर्र बेठेथे दिवुआज बहोत खुसदीख रही थि तोँ उसे देखकर ताराभाभी भि खुस होनेलगी ओर मे नेनुके पासबेठ गय़ा तोँ मेनेकहा
मे : आंटीकल सामकी मीटींगके बाद हम् गौशाला चलेगे ओरअेक आनाथालय हे वहां चलेगे फीर परसो हम् सुभह मंदिर जाकर पींडदान करेगे ओरवही ब्रह्मभोजन करवायेगे
धारा : हां माँ राज बीलकुल सहीकर रहेहे हम् सभी जायेगे ओरअेक बात परसो पींडदानके बाद आप् यह सफेद साडी नहीं पहेनेगी
आंटी : बेटा अेसा नहीं होता अबतो मुजेयही साडी पहेननी हे
नेनु : क्याँ आंटीयह सभी पुराने जमानेकी बातहे हम् आपकोयह नहीं पहेनने देगेबस
आंटी : ताराभाभी समजाओ बच्चोको अेसा नहीं होता
तारा : समजाना उनको नहीं आपकोहे सहीतो कहेरहे हेसभी
धारा : सुनलीया मां अगर हमारी बात नहीं मानीतो मे अबशपथ दुंगी
आंटी : नहीं बेटा शपथमत दे आप् कहेगे वोही करुगी बस
तोँ धारा खुसहोकर आंटीके गलेलग गइओर मेरीतरफ देखकर अपनीजीभ नीकालली तोँ हम् सभी हसनेलगे तब राजनने जाने कि इजाजत मांगी तोँ जसुभी जाने कों सजधजकर होगइ तोँ नेनुने कहा
नेनु : अब तुजेकहा जानां हे, बेठ जा चुपचाप कि ओर तरीकेसे समजाना पडेगा
जसु : दि कीतने दीन होगये यहांकुछ दीन तोँ भाभीके संग रहेने दो बादमें तोँ वोभीचली जायेगी तौ भाइ भि अकेले हौ जायेगे तोँ उसको खानेपीने मे प्रोबलेम होँ जायेगी
मे : कोइ राजनकी चीन्ता मतकर वोँ हमारे यहां खालीया करेगा ओररही तेरी भाभी केँ पास रहेनेकी तोँ कलसे कमलाभाभी रोज सुभहइधर आजायेगी ओर रातको डीनरके बाद दोनोचले जायेगे धेट्स ओलओरकुछ प्रोबलेम हे तौ बोल
जसु : (सरमाके) नहींओर कुछ प्रोबलेम नहींहे ठीकहे यहीरुक जातीहु अब
नेनु : हंगुड गर्ल, चलो तुम् ओर दिवुजाओ उपरथक गइ होगी आरामसे सोजाओ
फीर राजनओर कमला अपनी बाइकमें चलेगये ओर आंटीओर ताराभाभी दादीमा वाले कमरेमें जाके सोगये तौ सोनुओर अंजु हमारे रुम मे जानेलगे तोँ नेनुने धाराको पुछा
नेनु : धाराचल हमारे संग आजसे तुभी हमारे संग सोयेगी
धारा : (सरमाके) नहीं दि आप् जाओ मे अभि वोँ सभी नहीं करना चाहती मुजे थोडा वक़्त दीजीये आइअेम सोरी दि
नेनु : अरे धारातु माफीमत मांग हम् समजते हेकोइ बात नहींतु मुजेबता देनाओके चलजा सोजाओ उपर जाके
फीर धारा मेरीतरफ देखकर होठ फडफडाते सोरी बोलके चलीगइ तोँ नेनु मुजेहाथ पकडके अंदर लेगइओर दरवाजा बंध करलीया तौ अंदर सोनुओर अंजु कपडे नीकालकर नंगी लेटी थि तोँ नेनु देखकर हसनेलगी ओरकहा
नेनु : देखो जानु दोनो कीतनी कमीनी हेमरी जारही हे आपका लेने केँ लीये
अंजु : हांहां जेसेतु तोँ उसकोछोड देने वालीहो हमारे बादतो कमीनी तुही पुरीरात चुदवाती हेओर अंदर लेके सोतीहे उसका क्याँ ओर वोँ नहींआइ कि अभि भि सोक मे हे
नेनु : (हसकर)उसे अभि रहेने देअगर आज चीलाने लगी तोँ आंटीओर ताराभाभी आजायेगी
यह सुनतेही हम् चारो हसनेलगे फीर हमने भि कपडे नीकाल दीयेओर हम् बेड पर्र आगये तोँ इसबार अंजु अपनेपेर फैलाके कहेने लगी
अंजु : राज आप् आज पहेले इधर आजाओ मे जल्दसो जानां चाहती हु
फीर मे अंजुके पासचला गय़ा ओर हम् फोर प्लेय करनेलगे फीर मेरेओर अंजुके बीचदो बार धमासान चुदाइ हुइ ओरपता नहीं अंजु कीतनी बारजडी होगी वोँ उठनेके लायक तक नहींरही ओर लेटे लेटे हि अपनीचुत कपडेसे साफ करके सोगइओर फीर मेने सोनुको पेलने लगा तोँ वोँ जान बुजकर चीलाने लगी
ताकी बहार ताराभाभी ओर आंटीसुन सके तौ नेनुउसे गालीया देनेलगी ओर हमारे बीच भि दोबार जमकर चुदाइ हुइ फीर सोनु बाथरुम मे चलीगइ ओर अंजुके पाससो गइ आखीर मे नेनुके पासचला गय़ा तौ नेनु अपनेबाल खुलेछोड दीयेओर मेरेउपर आके मुजे चोदने लगी वोँ बडे आरामसे सोटमार रही थि
फीरअेक बारजड गइ तोँ वोँ घोडीबन गइओर मे पीछेसे नेनुको पेलने लगा नेनुबडी जोसके संग चुदवा रही थि नेनुका दोबार पानी नीकालके हम् दोनो साथमें जडगये फीर नेनु अपनापेर फेलाकर सोगइ तौ मे पैरके बीचबेठ गय़ा ओर उसके दोनो पांव मेरे कंधे पऱ रखलीया ओर मे नेनुको सोट मारने लगातो नेनु चीलाने लगी
तौ सोनु उठकर नेनुको गालीया देनेलगी तौ हम् दोनो हसनेलगे फीर हमारे बीच धमासान चुदाइ दो घंटे तक चलीओर हम् दोनो साथमें दोबार जड चुके थें फीर हम् बाथरुम मे चलेगये तौ मेने नेनुको अेकबार फीरखडे खडेचोद लीयाफीर नहाके हम् बहार आगये तोँ नेनु मेरेउपर लेटगइ ओर बाते करनेलगी
नेनु : आज आप् दिवु कों आइसक्रिम खीलाने लेँ गये तौ बातकहा तक पहोची आपसेफीर बात नहीं हुइ
फीर मेने नेनुको सभीबता दीया जौ पुरेदीन मेरेसंग हुआओर मेने नेनुको सुनील ओर दिवुकी बातभी बता दि फीर मेने नेनुसे कहा
मे : नेनु दिवुने उसके बारेमे तुजे बताया तौ मुजेकहा क्यु नहीं
नेनु : केसे बताती सभी महेमान थें ओरतबयह अंकलका हादसा हौ गय़ा तौ आपसेबात करनेका वक्त हि नहीं मीला वेसे आपने अच्छा कीयाकी सुनीलजीको बता दीयाअब तोँ हम् पांच होगइपता नहीं बाकीकी कोन होगी
मे : अभि कीतनी बाकीहे अबतो पांच होगइहे
नेनु : (हसकर) नहींछे आगइहे बस अपने प्यारका इजहार करनेकी देरीहे
मे : कोनहे वोँ छठी पत्नि मुजे बताओ नेनुतु मुजसे बहोत छुपाती हौ
नेनु : (हसकर) हमारी जसु, वोँ हि हे आपकी पत्नि अभि ओरकापता नहींचल रहाहे
मे : दोस्त इतनी बीवीया करके मुजेसभी यहीकाम हि करनाहे
नेनु : (हसकर) तौ क्याँ हुआ आपकेतो मजेही हेरोज अेक पत्नि हैं.हैं.हैं।
मे : नेनुहसो मत मुजे तुम् तीनोकी चीन्ता होनेलगी हे
नेनु : हमारी चीन्ता क्यु हमतो मजेसे चुदवाती हे आपसेहमे कोइ तकलीफ नहींहे ओर आपकोकाम भि तोँ बहोत करनाहे अभि मजे करनेके दीनहे बादमें तौ आपको टाइमभी नहीं मीलेगा आगे बहोत कुछ होने वालाहे
मे : नेनु तुम् बहुतकुछ जानतीहो पऱ मुजे बताती नहीं लगताहे अपना वादाभुल गइहो
नेनु : नहीं जानु मे कसमसे बंधीहु कुछ बाते मुजेसमय आने पर्र हि बतानेको कहाहे
मे : सोरी नेनु मुजे नहींपता थां तु कसमसे बंधीहे कोइबात नहींदील छोटामत कर
मे : नेनु तुने धाराको सभीबता दीया हेनां
नेनु : धाराको भि बता दीयाहे दिवुको भि ओर जसुको भि सभीपता हेबस जसुको यह नहींपता कि वोभी आपकी पत्नि होजायेगी बेचारी हम् सबमें बहोत भोलीहे अब अंदरडाल दीजीये ताकी हम् सो जाये
फीर मे नेनु कि चुतमें लन्ड उतार दीयाओर हम् चीपककर सोगये अगली सुभह अंजुओर सोनु जागके नहा चुकी थि फीर मुजेओर नेनु कों उठाया ओर हम् दोनो बाथरुम मे घुसगये तौ हम् नहाने लगे तोँ नेनु नें मेरा पकडलीया ओरमसल दीया तोँ मुहसे अहह। कि आवाज़ नीकलगइ तौ नेनु हसनेलगी तोँ मेने उसके बुब्स मसलके खीचलीये तौ नेनु चीलाउठी तोँ बहार सें सोनुने आवाज़ नहीं करने कों कहाफीर मेने नेनुको खडे खडेही चोद लीया ओरदोनो जडगये फीर नहाके बहार आगये तोँ अंजु नें कहा
अंजु : कीतनी कमीनी होँ रातभर चुदती रही फीरभी दील नहींभरा, तुजे मोका मीलेतो दीनरात हमारे पतीका घुसाके हि फीरती रहेचल जल्द सजधजकर होजा
तौ नेनु सरमाके हसनेलगी ओर फटाफट रेडी होनेलगी तोँ अंजुने मुजे कपडे दीये जौ बीजनेस सुट थां तौ मे उसेकीस करके पहेनने लगाफीर हम् सजधजकर होगये तौ सोनु धाराको बुलाकर लाइओर फीर मेने चारोकी मांग भरदी तोँ नेनुने मेरे पांव छुअेफीर अंजुने, बादमें सोनुने दोनो पांव छुके बहार कीचनमें चलीगइ ओर नेनुबेड पऱ बेठगइ ओर आखीरमें धाराने मेरेपेर छुअे तोँ उसकीआंख गीली थि तौ मेनेउसे गले लगाकर पुछाकी क्याँ हुआ
धारा : जानु मे पुरीरात सो नहींसकी मुजेमाफ करदो मेनेकल नेनुदी कों मना कीया तौ।
नेनु : धारा इसमें रोनेकी क्याँ बातहे आजा मेरी बहेनइधर आँ तु सांत होजा बच्चे हमेपता हे अभि तुम् थोडी डीस्टर्ब हौ सभीठीक होजाये तब मुजे कहेना दोनो कों मे बहारभेज दुगी ताकी आंटीओर ताराभाभी कि तुजे शर्म नाँ लगेओके
कहेके नेनु नें धारा कों सीनेसे लगालीया ओर उसके गालपे कीस करदीया फीर धारा मुजसे लीपटगइ ओर मुजेकीस करदीओर कहेने लगी
धारा : जानु हम् पहेले मीटींग खतम करलेफीर हम् फस्टनाइट मनालेगे तब तक पापाका पींडदान भि होँ जायेगा, सोरी मेरी वजहसे आपको बहोत तकलीफ हुइ हे
मे : धाराहमे कोइ तकलीफ नहींहे तु खामखा चीन्ता करतीहे तकलीफ उठानेके लीयेयह मेरी पत्नि हेना तेरा कोटा इधरही पुराकर रहाहुं हैं.हैं.हैं।
तब धारा मे ओर नेनुहस पडेओर नेनु नें मुजे हसते हुअे मुकामार दीयाफीर हम् तीनो बहार आगये तोँ आंटीओर ताराभाभी सोफे पऱ बेठके हमेही देख रहेथे फीर मे उनकेपास चला गय़ा ओर दोनोके बीचबेठ गय़ा तोँ ताराभाभी धीरेसे मुजे कहेने लगी
तारा : देवरजी हमारी देवरानीओको कहेदो रात मे कम चीलाये यहां हमारी हालत खराब
होँ गइ थि, कोन चीलाती थि
मे : सबकीसभी अेक जेसीहे कीसका नामलु आप् भीतो चीलाती थि
तारा : इतना घोडे जेसा जायेगातो चीलाउगीनां यह मीराभी तौ चीलाती थि
तभी नेनु भि आकेबेठ गइओरहमे कहेने लगी
नेनु : देवर जी भाभी क्याँ खुसर पुसरकर रहेहे जराहमे भीतो बताओ
तौ मे उठके नेनु केँ पासबेठ गय़ा ओर उसकेकान मे मेने चीलाने वालीबात बतादी तोँ नेनु नें सरमाके हसते हुअे मुजे मुका मारदीया ओर ताराभाभीके सामने देखकर हसनेलगी तभीजसु हमेचाइ नास्ताके लीये बुलाने आइफीर हम् सभीचाइ नास्ता करनेबेठ गये आंटीओर ताराभाभी कों सोफे परही छोटा टेबल रखकेदे दीयाओर हम् सभी डाइनींग पर्र बेठगये
नेनु मेरेपास बेठी थि सामने सोनु दिवुओर जसु बेठे थें अंजुओर धारा मेरी दुसरी साइडबेठ गयेओर हम् चाइ नास्ता करनेलगे तौ मुजेपैर पऱ कीसीका पांव महेसुस हुआ तोँ मेने सबके सामने देखलीया तौ दिवुओर जसु मुस्करा रहे थें तोँ मेने थोडा जुकके देखातो दिवुका पेर थां तौ मेने उसकी जांगमें पांव रखातो उसने फोरन हटालीया ओरचाइ नास्ता करनेलगी
फीर हमने नास्ता फीनीस कीयातभी कमलाभाभी भि आगइओर आके सीधे कीचनमें चलीगइ तौ नेनुने उसेचाइ नास्ताका पुछातो सभी घरसे कंपलीट करके हि आइ थि राजनउसे छोड गय़ा थां फीर मे आंटीके पास जाकरबेठ गय़ा ओर अंजुजसु ओर धारा ओफीसकी तैयारीया करनेलगी फीर तीनो बहारआगइ ओर मुने धाराने कहा
धारा : राज चलीये हम् सभी तैयार हे
फीर मे आंटीओर भाभी कों गले लगाकर बहार नीकल गय़ा ओर सीधे कारमें बेठ गय़ा तौ तीनो फटाफट आकरबेठ गइओर हम् नीकलगये ओर ओफीस पहोंच गयेआज मे अंजु कि स्थान पर्र बेठ गय़ा ओर अंजुजसु केँ पासबेठ गइतब धाराने आकर मुजे सारे प्रेजनटेन्सन कि फाइल पकडा दि ओर मुजेकुछ लीगल बाते समजागइ तब तक १०बजगये थें तभी बहारअेक गाड़ी आके रुकी तोँ अंदरसे चारलोग आगयेओर आके सीधे जसुसे मीले तौ अंजु उठकर मुजे मीलने आइओरकहा
अंजु : जानुअेक बर्थडे पार्टी आगइहे आनेउसे १०बजे बुलाया थां
मे : हां तौ उसे अंदर भेजदो ओर आप् ओर धारा भि आजाइअे
फीर वोँ चलीगइ तब अंदर वोँ चारो आगयेओर मुजे अपना परीचय दीयाफीर अपनी कंपनीके बारे मे बताया फीर धाराने सबको प्रेजेन्टेसन दीयाओर सारे डेटाओर बेनीफीटकी जानकारी देदी तौ उसनेहमे पुरे प्रोजेक्टकी कीमत पुछा तोँ मेने उसकोअेक कवरदे दीयाओर सभी जानकारी इसमें हेकहा फीर हमने नंबर अेक्सयेन्ज कीयेफीर हमने आइसक्रिम खीलाया फीर हमारी मीटींग खतम हुइ ओर मुजेकोल करकेबात कर लेगे कहेकर वोँ चलेगये तब तक ११.३०बज गये थें तब अंजुने कहा
अंजु : आपने कवरमें उसे क्याँ दीया
धारा : दि हमनेकुछ कंडीसनके संग कीमततैय करके दीहे वोसब देखके डीसीजन लेगे
अंजु : ओह.पऱ कंडीसन केसीहमे तोँ यह बेचनाही हे
मे : अरे मेरी बुध्धुरानी हमेसभी फेक्टरीया भि तोँ चलानी हेकी नहीं
अंजु : ओह। सोरीजान मुजे अेसा अनुभव नहीं थातो सोरी
धारा : (हसकर)राज यह बहोत सोरी सोरी बोलती हेजरा अंदर तौ लेजाइअे
अंजु : (धाराको मुका मारके) कमीनी पहेले तेरी बारी तोँ होनेदे फीर बताना अंदर क्याँ होताहे (हसनेलगी)
धारा : राजआज संजनाका अभि मोबाइल आया थां तोँ क्याँ कहु
मे : जानुउसे मेरेकल मेइल करदीया हे उसकेसंग हमारी कल मीटींग हेउसे बतादो
धारा : हं सायद उसको नहींपता होगा वोँ अभि इधर हि हे अपने माइके मे आइहेओर हमे मीलनेके लीयेकहे रही थि
मे : तौ उसमे क्याँ हे तेरी बेस्ट फ्रेन्ड हे तोँ मीलनातो पडेगा
अंजु : (हसकर)गइ संजना कामसे
धारा : चुपकर कमीनी वोँ सादी सुध्धा हे
अंजु : तौ क्याँ हुआ हमभी तोँ थि
धारा : राज लगताहे रातको आप् अंजुसे ठीकसे मीले नहीं, मे चलतीहु
कहेके वोँ हसती हुइ चलीगइ तब मे उठकेरुम मे चला गय़ा तौ अंजुभी देखने आगइ कि अचानक क्यु अंदरचले गये जेसेही अंदरआइ मेनेउसे खीचलीया ओर दरवाजा बंध करलीया ओरउसे बेड पर्र लीटा दीयाओर उसकेउपर लेटकर उसेकीस करनेलगा तोँ अंजु हसते हुअे मुजसे छुटनेकी कोसीस करनेलगी मेजे उसकी सारीउपर करदी थि ओर अपना लन्ड नीकालकर हि रखा थां वोँ मुजसे उपरसे हटानेकी कोसीस कररही थि
तभी मेनेअेक धका लगाया तौ लन्ड अंजुकी चुतमें उतर गय़ा ओर मे फटाफट सोट मारने लगातब अंजु भि गर्म होगइओर वोँ भि उछलने लगीओर मुजे पागलकी तराह चुमेजा रही थि ओर थोडी देरमें हम् दोनो साथमें जडगये फीर भि मे नहीं उतरा तोँ अंजु मुजे देखकर हसते हुअे कहेने लगी
अंजु : जानु अचानक क्याँ होगया आपकोअब हटीये उपरसे
मे : तुम् दोनो नें बाते करके मुजे गर्म करदीया थां ओर तुम्हेतो पता हि हेदोबार केँ बाद हि छोडता हुं
अंजु : वोँ कमीनी तौ बोलके चलीगइ ओरसजा मुजे भुगतनी पडीआज तोँ मेरी चुतकी धजीया हि उड जायेगी
फीर हम् दोनो करनेलगे अब तौ अंजुभी उछल उछलकर मेरासंग देनेलगी ओर हम् बहुतदेर करतेरहे फीर हम् दोनो साथमें जडगये ओर हम् बाथरुम मे चलेगये तौ हम् कपडे नीकालकर नहाने लगे तौ अंजु मेरीओर देखकर हसरही थि तब मेने अंजुको अेकबार फीरखडे खडे चोदलीया फीर हम् नाहाके बहार आगयेओर हमने कपडे पहेन लीयेफीर हुलीया ठीक करके अंजु सीधी धाराके पासचली गइओरउसे मुका मारने लगीफीर हम् सभी घरकीओर नीकलगये
ओर हम् घऱ जाके फ्रेस होकरबेठ गये तौ धारासभी जसुको बताने लगी तौ जसु अंजुकी तरफ देखकर हसनेलगी तब नेनुओर दिवुभी उसकेपास जाके पुछने लगी कि क्याँ हुआ तोँ धाराने उसेभी बतादीया तोँ वोँ दोनो भि अंजुके सामने देखकर हसनेलगी फीर हम् सभी लञ्च करनेबेठ गये तोँ नेनुजसु दिवुओर धारा अंजुके सामने देखकर हसेते हि जारही थि तौ अंजु थोडी वीचलीत होगइओर मेरेकान मे कहेने लगी
अंजु : देखा जानु चारो मेरी मस्ती कररही हे साली चारो कों ठोक देनाओर आप् मेरा बदला लेलेना ओरइस धाराकी बच्ची कि तोँ अेसी हालत करना कमीनी तीनदीन चल हि नहीं पाये कमीनी मेरा मजाकउडा रहीहे
मे : तु चीन्ता मतकर वक्तआने दे जोँ तुम् कहोगी वेसाही करुगा
यहकहा तौ अंजु चारोकी ओर देखकर हसनेलगी तोँ चारो नें हसनाबंध करदीया ओर मेरीतरफ देखने लगी तोँ मेने भि सबकीतरफ देखकर हसनेलगा तोँ चारो अपनी मुंडी नीचे करके खानेलगी ओर हमने लञ्च फीनीस कीयाफीर मे आराम करने हमारे रुम मे चला गय़ा तौ पीछे नेनुओर दिवुआगइ ओरआके बेड पर्र बेठगइ तब अंजु दोडके बाथरुम मे घुसगइ ओर उलटीया करनेलगी तोँ नेनु दोडके उसकेपास चलीगइ ओर उसकी पीठमें हाथ फीराने लगीफीर अंजु अपनामुह साफ करके हमारे पासआके बेठगइ ओरकुछ गंभीर होगइ तौ नेनुसमज गइ तोँ उसनेकहा
नेनु : अंजुअब केसालग रहाहे तुइधर सोजाओर आरामकर मे दवाइ लातीहुं
अंजु : नेनु अेसाकुछ नहीं लगता हम् सुभह देखलेगे तु चीन्ता मतकर
मे : जानुतु आज ओफीसमत आँ हम् हेन्डल करलेगे ओके तुम् आरामकरो दवाइ लेने जानां हे तौ चलो मे लेँ चलताहुं
अंजु : (हसकर) आप् खामखा परेसान होँ रहेहे मे ठीकहुं कुछ नहींहुआ
तब नेनुअेक टेबलेट लेकरआइ ओर पानीका ग्लास अंजु कों पकडादीया तौ अंजु नें टेबलेट खालीया फीर मेरेपास आकरलेट गइ तोँ मे उसके सरमें हाथ फीराने लया तौ दिवु मेरीतरफ देखकर हसनेलगी फीर नेनुओर दिवु बहारचली गइ तोँ मेनेकहा
मे : जानु क्याँ कुछ खालीया थां कि कुछओर हे
अंजु : (मेरे सामने देखकर) जानु आप् चीन्ता मतकरो कुछओर होगा तौ हमे सुभहपता चल जायेगा ओके मुजे तोँ अेसा नहीं लगता मे रेग्युलर आइपील लेतीहु
मे : ठीकहे तुम् आरामकरो मे ओफीस जाताहुं ओके
फीर मे अंजु कों कीस करके बहार नीकल गय़ा ओर धाराओर जसुको बुलाया तौ दोनो दोडके आगइ हम् जानेलगे तोँ दिवु भि आगइओर कहा
दिव्या : जीजु मेभी चलतीहु मे अंजु दीकाकाम करलुगी चलीये
फीर हम् चारो नीकलगये ओर ओफीस पहोंच गयेतब दिवुने धारा सें जरुरी जानकारी जानली ओर हमारी फीइलका अभ्यास करनेलगी फीरजब चारबजे दुसरी जश्नआइ तौ दिव्याने इतना बडीया प्रेजन्टेसन दीया कि मे ओर धारा देखते हि रहेगये फीर पार्टीको हमारा प्रोजेक्ट बहोत पसन्द आयाओर मुजेहर हालमें डील करने कों कहेने लगे
तौ हमनेकुछ सर्तोके संगओफर दीयाओर मेनेउसे अेककवर पकडा दीयाफीर वोँ चलेगये तोँ धारा तोँ दिवुको गलेही लगा लीया तोँ मे उसके सामने देखकर हसेजा रहा थां तौ दिवुने मेरे सामने देखकर नैन नचाये तब धारा अपनी ओफीसमें चलीगइ तोँ दिवु मेरे सामने बेठगइ ओरकहा
दिव्या : जानु आप् अेक प्राजेक्टर लेलो प्रेजन्टेसन मे आसानी रहेगी
मेनेतभी अजय कों बुलाया ओरउसे अभि केँ अभि नया प्राजेक्टर लाने कों कहा तौ अजय लेनेचला गय़ा फीर दिवु अंजु केँ पी.सि। मे काम करनेलगी ओर मे रुम मे चला गय़ा ओरलेट गय़ा तभी धारा अंदरआगइ ओरआके मेरे बगलमें बेठके मेरे सरमें हाथ रखकरचेक करनेलगी फीरजुक कर मुजे होंठो पर्र कीस करदीया तोँ मेने उसकोउपर खीचलीया तौ सरमाके मेरेउपर लेटीरही ओर मुजसे कहेने लगी
धारा : जानुकल हम् पींडदान करलेगे तौ हम् रातको हमारे फ्लेटमें चले जायेगे मे अब तैयार हुं हम् कल हि फस्टनाइट मनायेगे
कहेके मुजेकीस करनेलगी तौ मेभीउसे कीस करनेलगा ओर हम् दोनो गर्म होनेलगे तौ मेने उसके बुब्स पर्र हाथ रखदीये तोँ उसकी सीसकारी नीमलगइ ओर मुजपे टुटपडी मुजे धडाधड कीस करनेलगी ओर आपनी सासेतेज करलीओर उसकी आंखोमें मुजे वासना दीखने लगी तौ मेनेउसे मेरे नीचे लीटादीया ओर उसकी सलवारमें हाथ डालकर उसकी चुतको मसलने लगा तौ वोँ पागल होनेलगी
ओर मेरा लन्ड पकडनेकी कोसीस करनेलगी तभी बहार आवाज़ आइ तौ वोँ फटाफट उठगइओर अपनेबाल ठीक करनेलगी फीर वोँ मुजेकीस करके बहारचली गइ तोँ बहारजसु उसे ढुंढने आइ थि जौ दिवुने बताया तोँ वोँ जसु केँ पासचली गइ मे बहारआके दिवुके सामने बेठ गय़ा तब मेरा मोबाइल बजा तौ नेनु कां थां तौ मेने उठालीया
मे : हां नेनु डार्लीग कहो क्याँ कामहे
नेनु : आपकी याददास्तको क्याँ हौ गय़ा हे चलना नहींहे क्याँ यहां आंटी रेडी होकर बेठीहे ओर वोँ धारा कि बच्ची मोबाइल क्यु नहीं उठाती कीधरहे वोँ
मे : सांत बेबी सांत हम् आहीरहे हे बर्थडे पार्टी अभि अभि गइहे
नेनु : ठीकहे ठीकहे जल्द आजाइअे
कहेके मोबाइल काटदीया तोँ दिवु मेरे सामने देखकर हसनेलगी ओर कहेने लगी
दिव्या : जीजु लगताहे दि भडकी हुइ हेआज तोँ आपकीवाट लग जायेगी, ओर आपनेजुठ क्यु बोला बर्थडे पार्टी तोँ कबकीचली गइहे
मे : अबतु आगमें घीमत डालना चलहमे जानां हे
कहेके हम् चारो नीकलगये ओरघऱ पहोचगये फीर मे धारा आंटीओर ताराभाभी कों लेकर गौशाला चला गय़ा हमनेवहा कुछघास कां रुपया दीयाफीर हम् अेक अनाथालय गये तोँ हमने बचोको आइसक्रिम खीलाइ ओरकुछ फंड दीयाफीर हम् अेक वुध्धाश्रम मे गयेओर वहांफंड दीया तोँ रातके ८.३०बज गयेफीर हम् वापसघऱ आगयेओर आकर फ्रेस होगये तोँ डीनर तैयार थां फीर हम् सभी डीनर करनेबेठ गयेतब अंजु मुजे तैयार दीख रहीथी तोँ मेने उसकीओर देखातो सभी तैयार हे कां इसारा कीयाओर हमने डीनर करलीया तोँ नेनु नें मुजेकहा
नेनु : राज आप् कमलाभाभी कों छोडके आओ राजनभैया आज देरसे आने वालाहे
मे : उसेयही रोकले राजनकल इधर हि चाइ नास्ता करने आजाये
कमला : नहीं देवरजी मेरे कपडे भि उधरहे तोँ मुजे जानां पडेगा चलीये राजन तोँ ११बजे आयेगे
फीर मे वाहन लेकर कमलाभाभी कों छोडने जानेलगा तोँ रास्ते मे भाभी मेरीतरफ कातील मुस्कान करनेलगी ओर कहेने लगी
कमला : देवरजी इतना भि नहीं समजते कि आज हमारे पास मौकाहे कुछ मस्ती
करनेका
मे : भाभी हमने मस्ती कि तोँ आप् कलआही नहीं सकती आपको चलने फीरनेमे तकलीफ होगी
कमला : (हसकर)अरे आपतो बहोत आगेकी सोचने लगे इतनी भि मस्ती नहीं करनीहे
मे : अब मोकाहे तौ मस्तीकी लीमीट थोडी होगी चलीये आपका भि कल्याण कर देतेहे
कमला : वोँ सभी हम् वहा जाके करेगे इधर नहीं मेनेकुछ ओर हि सोचाहे इस बारे मे
फीर हम् घऱ पहोंच गयेओर कमला गेटका ताला खोलकर मुजे अंदर लेलीया ओर दरवाजा बंध करलीया ओर मुजेहाथ पकडकर अपने बेडरुम मे लेगइओर मुजे बाहोंमें भरलीया ओर मुजे पागलोकी तराह चुमने लगी तौ मेने उसके बुब्स दबा दीये तोँ वोँ मुजे लेकर बेडपर लेटगइ ओर मे उसकेउपर आगयाओर उसके होंठ चुसने लगा तौ उसने अपनेहाथ मेरी गरदनमें डालदीये ओर मेरासंग देनेलगी फीर मेनेकहा
मे : भाभी लगताहे आजही उद्घाटन हौ जायेगा आप् बहोत हि होट हौ
कमला : नहीं देवरजी थोडा सबर करलीजीये हम् वही जाकेसभी करेगे आपसे मुजेकुछ चाहीये तोँ मे सभी आरामसे करना चाहती हुं राजन भि तोँ बादमें आने वालाहे तब तक हम् मजे करेगे अब आपकी भाभी आपकी होँ गइ हैं मे आपकोखुब प्रेम दुगी
फीर हमारे होंठ आपसमें मीलगये ओर हम् कीस करनेलगे फीर हमने फोरप्लेय कीया हम् सीक्स नाइन पोजीसनमें आकरअेक दुसरेको चुसने लगे कमलाने मेरा लन्ड चुसकर मेरा पानी नीकाल दीयाओर सारा पानी पीगइ तोँ मेने भि उसकीचुत चुसकर उसे ठंडा करदीया फीर हम् दोनो फ्रेस हौ गयेओर मे उसकोकीस करके नीकल गय़ा ओरघऱ आगया तौ सभी होलमें मेरा वेइट करते बेठे थें ओर मे जाके आंटीके पासबेठ गय़ा तोँ आंटीने मेरीतरफ देखकर कहा
आंटी : राज तेरे अंकलकुछ वसीयत करगये हे जौ मुजे बादमें तुजेओर धाराको देनेका कहा थां
मे : आंटी अभि वोँ आपकेपास रखो हम् फुरसतमें देख लेगेओर कलशाम हम् सभी मंदिर जारहे हे अंकलका पींडदान करनेसभी साडेतीन बजे तैयार रहेना
नेनु : हम् तोँ तैयार हि रहेते हे आप् तैयार रहेना
इतनाकहा तौ दिवु हसनेलगी तोँ मेनेउसे मुका मारदीया ओरकहा
मे : तु क्युहस रहीहे चीबावली
दिव्या : अब मुजे क्याँ माररहे हौ बीवीसे डरते हौ क्याँ?
नेनु : दिवु रहेने दे हम् तेरे जासे मे आने वाले नहींहे समजी
तोँ सभी हसनेलगे तोँ दिव्या मेरीतरफ मुह बनाके उपरचली गइ तोँ पीछेजसु भि जानेलगी तौ धाराभी उसकेसंग चलीगइ तब अंजुओर सोनु भि रुम मे चलीगइ तब ताराभाभीने कहा
तारा : चलोअब सोना नहींहे क्याँ आपभीजाओ अंदर सोजाओ
आंटी : हांचलो सोजाते हे मुजे तोँ नींद हि नहींआती जागती पडी रहेती हुं
नेनु : आंटी मेरेपास नींदकी गोलीहे देदु
मे : तेरेपास कहोसे आइ, क्याँ तु लेतीहे नेनु?
नेनु : नहीं हमारी सादीसे पहेले कभीकभी लेती थि अब नहीं लेती
आंटी : ठीकहे देदे सायद नींद आजाये
फीर नेनु नें आंटी कों गोली देदी तोँ आंटीओर ताराभाभी अंदरचली गइ तोँ मे बेठारहा तोँ नेनुसमज गइ कि मे उनसे नाराज हुं तोँ मेरेपास चीपककर बेठगइ ओर मुजे गालपे कीस करके कहेने लगी
कन्टीन्यु.
my new kahani yeh kesi ehasaas (Full Storyd) – New Episode
यह केसी अनुभुती
एपसोड - ५३
फीर नेनु नें आंटी कों गोली देदी तौ आंटीओर ताराभाभी अंदरचली गइ तौ मे बेठारहा तोँ नेनुसमज गइ कि मे उनसे नाराज हुं तौ मेरेपास चीपककर बेठगइ ओर मुजे गालपे कीस करके कहेने लगी.अब आगे
नेनु : सोरी जानु मेने आपसे छुपाया पऱ सादीके बाद मेनेकभी नहींली, नाराज हे मुजसे?
मे : नहीं, तु अेसे फालतुकी दवाइआ मत खायाकर समजी, ओर क्याँ हुआ अंजु कां
नेनु : हम् लेडीस डोक्टरके पासगइ थि कुछ नहींहे आप् टेन्सन मत लीजीये कुछ खानेमें आगया होगा अेसाकहा
फीर हम् दोनो अंदरचले गये तौ सोनुओर अंजुसो चुकी थि फीर हमने चेन्ज करलीया ओरबेड पर्र आगये तौ अंजु मुजेकीस करनेलगी फीर हम् दोनो गर्म होनेलगे फीर हमारे बीच धमासान चुदाइ सुरु होँ गइ हम् दोनोढाइ घंटे तक करतेरहे इस दौरान मे ओर नेनुतीन बारसंग मे जड चुके थें फीरअेक बार मेने नेनु कों बाथरुम मे खडेखडे भि चोदलीया ओर हम् दोनो नहाके बहार आगयेओर मेने नेनु कि चुतमें लन्ड रखदीया ओर हम् दोनोसो गये
सुभह अंजु नेनु सोनुसभी उठ चुके थें मे गहेरी नींदमें थां ओर अभि भि नंगा हि सोया थां तौ नेनु मेरेउपर चदर डाकर नहाने चलीगइ सोनुओर अंजु पहेलेही नहा चुकी थि फीर नहाके बहारआइ ओर मुजे जगाने लगीफीर मे उठकर नहाने चला गय़ा फीर बहारआकर सजधजकर होँ गय़ा तब नेनु सबको लेकरआगइ तौ साथमें जसुओर दिव्या भि थि फीर मेने सबकी मांग भरदीओर चारोने मेरेपेर छुअे
फीर हम् सभी बहारआकर नास्ता करनेबेठ गयेओर हम् सबने नास्ता फीनीस कीया बादमें मे सबकोगले मीलकर ओफीस जाने लगातो पीछे अंजु धाराजसु केँ संग दिवु भि आगइओर हम् ओफीस नीकलगये ओर ओफीस पहोंच गयेसभी अपनाकाम करनेलगी आज सीर्फ अजय हि थां कोइ वर्कर दीख नहींरहा थां फीर मे ओर दिव्या अंजु केँ सामने बेठे थें तबअजय अंदरआया तोँ मेने पुछा
मे : अजयआज कोइदीख क्यु नहींरहे कही बहारगये क्याँ?
अजय : अरेभाइ भुलगये बापूसभी वर्कर कों लेकर अहेमदाबाद गयेहे वहां कि फेक्टरी कंपलीट करने
मे : ओह.हां कल काकाने बताया थां ठीकहे कुछकाम थां क्याँ?
अजय : भाइआज लंचके बाद मुजे छुटी चाहीये थि मे जाउ क्याँ?
मे : हांअजय तु सीर्फ तेरी बहेनको बताकर कभी भि आजा सकताहे ओके चलेजाना
फीरअजय चला गय़ा तोँ दिव्या नें मुजे पुछा
दिव्या : जीजु वोँ प्रोजेक्टर आगयाहे नां अजय सें करहेकर सभीसेट करके रखतीहुं अभि जश्न आयेगी तोँ आसानी रहेगी
कहेके वोँ बहारचली गइतभी धारा अंदरआकर बेठगइ ओर मुजसे कहेने लगी
धारा : राज आपनेकल मीटींग कि उसमेअेक बर्थडे पार्टी कीमतओर हमारी सर्तोमें कोम्प्रोमाइज करने कों कहेरहे हेओर दुसरी जश्नसभी तराह तैयार हे कहीये क्याँ करु
मे : धारा अभि नीरजआने वालाहे तौ पहेले उसेबात करलेफीर हम् जवाबदे देगे
फीर धाराचली गइतभी नीरजओर उसकेतीन मित्र आगये तौ नीरज मुजेगरम जोसीसे मीलाफीर हमारी मीटींग स्टार्ट हुइ ओर दिवु नें बहोत अच्छा प्रेजन्टेसन दीयाओर हमारी बाते होनेलगी तौ बीचमे नीरजने राहुलजीको भि कोन्फरन्समें लेलीया फीर हमने हमारी कंडीसन बताइ तोँ वोँ अधिकतर युरोप मेही अपना बीजनेस करना चाहते थें
वोँ हमारी सभी सर्ते मानली ओर राहुलने मुजे कहाकी वोँ हरहालमें आपकेसंग बीजनेस करना चाहते हेउसने मुजे अंकलका भि जीक्र कीया कि हमारे साथी थें हमे बहोत अफसोस हुआ उनके बारे मे सुनके सभी बाते क्लीलयर होगइफीर हमने सबके लीयेचाइ नास्ता मंगवाया ओर नीरजनें मुजे अपनेघऱ आनेका इन्वीटेसन भि दीया वोँ धारा कों भि जानता थां ओर आखीर हम् कल कोन्टेक्ट करेगे कहेके चला गय़ा तब मेनेउसे कवर भि दे दीया थां तब मेनेकहा
मे : दिवु तुने बहोत अच्छा प्रेजन्टेसन दीया, ओर धारा हम् नीरजके संगआगे बढ सकतेहे तुम् उसके पेपर कि तैयारी करोहमे कभी भि डील फाइनल करनीपडे सभी तैयार रखना
अंजु : वोँ तोँ ठीकहे लेकीन हमे भि नहींपता आप् कीतने मे फाइनल करने वालेहे उसका तोँ कोइ जीक्र हि नहीं करता
मे : बेबीजब फाइनल होगातो बता दुगाओके ओर आपकी उमीदसे तोँ ज्यादाही होगा
धारा : रहेने दो दि, इनकोअब सरप्राइज देनेकी आदतपड गइहे, क्यु जानु
मे : बहुत समजदार होँ गइ हौ, चलइस खुसी मे सबको आइसक्रिम खीलाता हुं
कहेके मेने राजुसे आइसक्रिम मंगवाली तबजसु भि आगइओर बीचबीच मे मुजेचोर नजरसे देखती रहीजब हमारी नजर मीलती तोँ सरमाके हसकरमुह फेर लेतीथी फीर आइसक्रिम आगइ तोँ सभी खानेलगे फीरसभी अपने अपनेकाम मे बीजी हौ दिवु अंजु कां पी.सि। खोलकर काम करनेलगी फीर लञ्च कां वक्त होँ गय़ा तोँ हम् सभी नीकलगये ओरघऱआकर सभी फ्रेस होकर डाइनींग पर्र बेठगये फीर सबनेसंग मे दोपहर का खाना करनेलगे तोँ नेनु नें कहा
नेनु : जानुअगर ओफीस मे कोइखास काम नां हौ तोँ आप् यहीरुक जाओ सामको तोँ आपको आनां पडेगा, ओर आपने पुजारीजी कों मोबाइल करदीया हेनां?
मे : हां नेनु मेने तोँ आंटीसे बात कि तब हि करदीया थां वहांसभी तैयार होगा
तब मुजे पांव मे कुछ छुआतो तौ दिव्या थि जौ मुजेचोर नजरसे देखकर हसरही थि तब मे उसके पांव कों सहेलाने लगा तोँ वोँ उतेजीत होनेलगी तभी मेरेकान मे नेनुने कहा
नेनु : जानुआज आपको आंटी केँ घऱ जानां हे धारा नें मुजेबता दीया थां तोँ मेने अजयसे कहेकर वहांसभी अेरेन्ज करदीया हे
मे : अच्छा इसीलीये अजय लञ्च केँ बाद नहींआने वालाओर कोनहे वहां
नेनु : आपकी लाडली ओरअजय जाने वाले थें सभी वोही सजावट कर देगे आप् धारा कों लेकर देरसे चले जानां ओके
दिव्या : क्याँ दोनोकपल खुसर पुसरकर रहे होँ सांतीसे खानां खालो बादमें बातकर लेना
मे : चुपकर बंदरीया हम् कोइ खुसर पुसर नहींकर रहेहे हम् तेरीबात कररहे हे समजी
दिव्या : मेरीबात? मेरी क्याँ बातहे जौ आप् खानगी मे कररहे हौ
अंजु : (हसकर) सोनु लगताहे तेरारोल अबयहकर रहीहे कही तुनेतो टड्ढेनींग नहीं दि? (सभी हसनेलगे)
सोनु : नहीं, अगर मेने टड्ढेनींग दि होतो तोँ अब तक हमारे पती केँ गोद मे बेठती
यह सुनतेही दिवु हसते हुअे सोनुको मारने लगी तोँ सभी जोरोसे हसनेलगे तभी सोफे पर्र बेठके खानां खारही आंटीओर ताराभाभी हमारी ओर देखने लगेओर कहा क्याँ हुआ
अंजु : कुछ नहीं भाभी दोनो मस्ती कररहे हे
फीर हमने दोपहर का खाना फीनीस कीयाओर मे रुम मे जाके सोगया कब नींदआगइ पता हि नहींचला तब नेनु मुजे जगाने आगइओर कहा३.३० बजगये हे तौ मे उठ गय़ा ओर बाथरुम मे जाके नहालीया फीर बहारआके रेडी होगया तोँ सभी तैयार थें फीर हम् सभी नीकलगये कुछ कारमें तोँ कुछ नें रीक्सा करलीओर हम् मंदिर पहोंच गये तोँ मेरी चारो बीवीयाने मेरेसंग खडे होकर दर्शन कीयेतब पुजारीजी आगये
ओर हम् सभी कों मंदिर केँ पीछे लेगये जहां उसनेसभी अेरेन्ज करकेरखा थां फीर मे ओर धारा पुजा करनेबेठ गयेओर पुजारीजी नें हमारे हाथ सें पींडदान करवाया दो घंटे तक पुजाचली फीर हमने पुजारीजी कों दक्सीना दि ओर ब्राह्मणोको वहां ब्रह्मभोजन करवाया ओर हम् सभीबाद मे घऱ आगयेओर सभी फ्रस होकरबेठ गयेतब अंजु सोनुजसु कीचनमें चलीगइ ओर नेनुओर दिवु धारा कों लेकरउपर चलीगइ तब आंटी नें कहा
आंटी : अबसभी काम होगया हेतो आप् दोनो कों अपनीनइ जींदगी सुरु नहीं करनी?
मे : आंटी पहेले धारा कों नोर्मल होने दिजीये जब वोँ कहेगी तब हम् चलेगे
तारा : धारा बहोत प्रेम करतीथी अपने पापासे समय तोँ लगेगा उसे
फीर हम् बाते करतेरहे तब बाते करते करते ताराभाभी मेरी जांगमें हाथ रखकरकहा
तारा : अब वक्त नीकालकर अेकबार सभी अहेमदाबाद आजाइअे फीर तोँ हम् चले जायेगे
मे : हम् अेककाम करेगे जब हम् सभी हिमाचल जायेगे तब पहेले दोदीन आपके यहां ठहेरेगे फीर हम् सभीसंग मे हि हिमाचल चले जायेगे क्याँ कहेती होँ भाभी?
तारा : अरे आइडीया तोँ अच्छा हे, चलो मे तुम्हारे भाइ सें बात करतीहु हम् वोही करेगे
आंटी : वेसेहमे कब नीकलना हेउधर
मे : बस आंटीअेक दोदीन मे डील फाइनल होँ जाये तौ हम् नीकल जायेगे
तभी नेनुने मुजेरुम मे आनेको कहा तोँ मे उठकर हमारे रुममें चला गय़ा तोँ नेनुने कहा
नेनु : जानुसभी तैयार हे सीमाका मोबाइल आया थां वोँ सभी तैयार करके नीकलगये हे डीनर केँ बाद आप् भि रेडी होँ जाइअे
मे : नेनु तुम् भि संगचलो नां कल धारा कों कुछ प्राबलेम हुआ तौ तुम् रहोगी तोँ ठीक रहेगा आप् दुसरे रुम मे सो जानां
नेनु : (हसके) उसकी चीखे सुनकर मे कंटड्ढोल नहींकर पाउगी आपहीचले जाओकुछ नहीं होगा
कहेके नेनु नें मुजेकीस करदीया तोँ मेने उसको बाहोंमे भरलीया ओर उसके होंठ चुसने लगातभी जसु अंदरआगइ तोँ हम् दोनोकीस कररहे थें तौ वोँ हमे देखकर फोरन बहारचली गइतभी अंजु अंदरआगइ ओर कहेने लगी
अंजु : (हसकर) दरवाजातो बंध करलीया करो अभि जसु आपको बुलाने आइथी बेचारी भागके मेरेपास आगइ, ओर मुजे बुलाने भेजा नेनुजा उपर धाराको कुछकाम हे तुजसे
नेनु : अभि जातीहु थोडा प्रेम तौ करनेदे आज तौ हम् सबको अेसेही सोना पडेगा
फीर नेनु मुजे छोडकर उपरचली गइ तोँ अंजुआके मुजसे लीपटगइ ओर मुजेकीस करनेलगी फीर उसनेकहा
अंजु : जानुकल हम् ओफीस मे कर लेगेओके मे चलतीहुं
कहेके अंजुचली गइफीर मे वापस आंटी केँ पास जाकरबेठ गय़ा ताराभाभी रुम मे कुछ करनेचली गइ थि तब आंटी नें धीरेसे कहा
आंटी : अब तेरीइस पत्नि केँ बारे मे भि कुछ सोचो कीतने दीन होगये हमे मीले, अबतो आपसेही सभी उमीद हैं मे वोँ हरपल आपकेसंग जीना चमहती हुं जौ मे जी नहींपाइ आपकेसंग मुजेनइ जींदगी जीनी हैं
मे : थोडा सबर करलोअेक बार हम् वहांचले गयेतब सीर्फ आपही हौ समजी
तभी सोनु नें सभी कों डीनर केँ लीये बुलाया तौ हम् सभी फ्रेस होकर डीइनींग पर्र बेठगये आंटीओर ताराभाभी कों सोनु नें सोफे केँ पास टेबल पर्र हि देदीया फीर हम् सबको सोनुओर जसु नें परोसा फीर वोँ तीनडीस भरकेउपर चलीगइ ओर हम् खानेलगे तौ नेनु मुजे खीलाने लगी तोँ मेने भि नेनु कों खीलाया भीर अंजु मुजे खीलाने लगी तौ मेनेउसे भि खीलाया यह देकर दिवुहस रही थि तौ मेनेकहा
मे : बंदरीया मेरी बीवीया खीलाती हे तोँ तुजे काहेकी हसी आँ रहीहे
दिव्या : (हसकर)अेक बार आइसक्रिम खीलाकर पत्नि तोँ बनाली अब क्याँ इरादा हे
नेनु : (हसकर) वेसे आइसक्रिम तोँ तुने भि खाइहे तु क्याँ पत्नि बनगइ?
तब अंजु हसनेलगी तोँ दिवु सरमाके हसनेलगी फीर मेरीतरफ तीरछी नजरसे देखती रही तोँ नेनु नें कहा
नेनु : बच्चु मुजेसभी मालुम हेतु चीन्ता मतकर तेरी भि बारी आयेगी
दिव्या : (सरमाके हसते हुअे) क्याँ नेनु दि आपभी।
नेनु : अब तोँ सुनीलभैया ओर ताराभाभी नें भि परमीसन देदीहे सरमा क्युरही हे
तौ दिव्या सरमाकर अपनीडीस लेकरउपर भागगइ तोँ हम् हसनेलगे तब नेनुने कहा
नेनु : जानु इसके बारे मे आपने क्याँ सोचाहे?
मे : कुछ नहीं जौ भि सोचना हे क्याँ करनाहे तुम् लोगोको सोचना हे
नेनु : हम् चाहते हे आप् दोनो हिमाचल जाओ इससे पहेले आप् इसे गांधर्व शादी करले ताराभाभी भि हाजीर हेफीर हम् आरामसे आपकी सादी करेगे क्यु अंजु
अंजु : हांराज आप् इनको हमारी तराह तडपाना मत नेनुठीक कहेरही हे
मे : ठीकहे जेसे आप् लोकी मरजी पऱ अभि उसेकुछ मत बताना समजी
नेनु : (हसकर)समज गइ आप् उसे सरप्राइज देना चाहते हेनां?
मे : कीतनी समजदार पत्नि मीलीहे मुजसे
फीर हमने खानां फीनीस कीयातब सोनुजसु ओर दिवु भि नीचेआगइ तब नेनु मुजे अंदर लेगइओर मेरे कपडे देदीये ओर मुजे नहाने भेज दीया तौ मे उसे लेकर जानां चाहता थां तौ नेनु मुजसे छुटकर बहारभाग गइफीर मे नहाकर रेडी होँ गय़ा ओर बहारआकर बेठ गय़ा तौ आंटीओर ताराभाभी मुजे देखते रहेफीर ताराभाभी नें कहा
तारा : देवरजी अबरात कों इतना सजधज केँ सजधजकर होकरकहा जारहे हे
मे : भाभी हम् आंटी केँ फ्लेट मे जारहे हे मे ओर धारा
आंटी : (खुस होकर)सच। चलो अच्छा हुआ मेरी धारा सदमेसे बहार तौ आगइ
तभी नेनुओर जसु धाराको लेकर नीचे आगये तौ हमतो देखकर दंगरहे गये धारा अेकदम दुल्हन केँ लीबास मे थि नेनुउसे हमारे रुम मे लेँ गइतभी जसु मुजे बुलाकर लेगइ तौ मे रुम मे चला गय़ा तौ नेनु नें मुजेकुछ पकडा दीया देखातो आइपील ओर पेइनकीलर टेबलेट थि तौ मेनेजेब मे ररखली तोँ जसु नें देखलीया तौ सरमाके मुस्कराने लगी
फीर हम् दोनो आंटीओर ताराभाभी केँ गले मीलेतो दोनो नें हमे आशीर्वाद दीयाफीर हम् दोनो बहारचले गये तौ नेनुहमे वाहन तक छोडने आइओर धारा कों आगे बीठा दीयाफीर इधरआकर मुजेकीस करलीया ओरचली गइफीर हम् दोनो वाहन लेकर नीकलगये तौ धारा बहोत सरमारही थि ओरमंद मंद मुस्करा रही थि
पुरे रास्ते हम् अेक दुसरेको देखते हि रहेजब हम् पहोेंचे तोँ धारा कारसे उतरकर खडीरहे गइफीर मे वाहनलोक करके धाराके पासचला गय़ा ओर उसकाहाथ पकडकर हम् लीफ्ट मे आगयेतब धाराने घरकालोक खोलदीया ओर हम् अंदरचले गये तोँ धाराने दरवाजा बंध करलीया फीर दोडके आइओर मुजसे लीपटगइ ओरकहा
धारा : जानु मेने आपको बहोत तडपाया, आइअेम सोरी
मे : धारातु सोरीमत बोल मे तुम्हारी सीचुअेशन समजता हुं जोँ हुआसभी भुलजा अेक हादसा समजकर, अच्छा हुआ वक्तसे पहेले हमेपता चल गय़ा थां तोँ हम् अंकल केँ लीये बहोत कुछकर पाये वरना अचानक चलेगये होते तोँ क्याँ होता, कम सें कम वोँ सुकुन केँ संग तौ गये
धारा : हांयह सभी आपकी वजहसे हि मुमकीन हुआ थेन्कयु जानु
मे : तु थेन्कयु सोरी बहोत बोलती हेआज तोँ तुजेसजा मीलकर हि रहेगी चल अंदर
कहेके मेने धारा कों गोद मे उठालीया ओर बेडरुम मे जानेलगा तौ धारा सरमाके मेरे कंधे पऱ सर रखकर मुस्कराने लगीओर मेनेबेड पऱ बीठादीया तब वहां हमारा बेड फुलोसे सजाहुआ थां अेक कटोरी मे कुछ फु्रट ओर चोकलेट रखे थें अेकबडा दुध कां ग्लास भि रखाथा अजयओर सीमाने सारा इन्तजाम करकेरखा थां तोँ धारा देखकर खुस होँ गइओर मुजसे पुछने लगी
धारा : जानुयह सभी कीसने कीया, बहोत अच्छा सजाया हे
मे : अजयओर सीमाआये थें उसनेसभी कीयाहे
तब धाराने दुधका ग्लास उठालीया ओर मुस्कराके अपने हाथोसे मुजे पीलाने लगीओर पीलाते हुअे मुस्कराती रही जेसे हि आधा ग्लास पीया तौ मेने उसके हाथसे ग्लास लेलीया ओरउसे पीलाने लगा तोँ मेरीओर देखकर वोँ पीनेलगी फीर मेने ग्लास साइड मे रख दीया तौ धारा नें अपनीनजर जुकाली तौ मेने उसके चहेरे कों थोडा उपर करलीया ओर उसकी आंखोमे देखने लगा तोँ वोँ सरमाने लगीफीर कहा
धारा : राज अेसे नां देखो मुजे शर्म आरहीहे
मे : देखलेने दो मुजेआज जी भरके देखकर तुजे मेरी आंखोमें बसालेना चाहता हुं जोँ कभी मेरी साथीहुआ करती थि आज मेरी अर्धांगीनी बनगइहे, धाराआइ लवयु
इतनाकहा तौ धाराने मुजे बाहोंमे भरलीया ओर मुजेआइ लवयुटु कहे दीया हम् बहुतदेर अेसेरहे ओर मेने उसकी आंखोमें देखकर उसके होंठ पर्र अपना होंठरख दीया तौ उसने आंखेबंध करलीओर अपना होंठ खोलदीया तोँ मेने उसकेमुह मे जीभ खुसादी तोँ वोँ हल्का हल्का चुसने लगीओर अचानक वोँ खडी हौ गइओर अपने गहेने नीकालने लगी उसने सीर्फ मंगलसुत्र पहेने रखाफीर मे उसकेपास चला गय़ा
ओर उसकी सारी नीकालने लगा तौ अेकबार मुजे रोकलीया ओर मुजे बाहोंमे भरलीया फीर वोँ मेरे सर्ट केँ बटन खोलने लगीफीर हमनेअेक दुसरे केँ कपडे नीकाल दीयेअब धारा सीर्फ टुपीस मे थि ओर मे सीर्फ नीकर मे हि रहे गय़ा फीर मेनेउसे गोद मे उठालीया ओरबेड पर्र लेजाकर लीटा दीयाओर स्वयं उसकेउपर लेट गय़ा तोँ उसने मुजे कसकेपकड लीयाओर कहा
धारा : राजआज मुजे पुरी तराह अपनीबना लीजीये आजसे धारा पुरी तराह आपको समर्पीत हे मेरीयह रुह मेरामन, तन, धन, सभी आपको समर्पीत करतीहुं
मे : हां डार्लीग आथ मेभी अपने आपको तुजे समर्पीत करताहु मे तुजमें समा जानां चाहता हुं
फीर हम् दोनो पागलोकी तराहअेक दुजे कों चुमने लगेफीर धारा नें मुजे कसके पकडलीया ओर मुजे अपने सरीरसे जोरोसे चीपकाने लगी जेसे वोँ मुजमें समा जानां चाहती थि तब मेने उसकी ब्रा नीकालदी ओर उसके बुब्स अपने मुहमे लेलीया ओरउसे चुसने लगा तोँ धाराके मुहसे सीसकारीया नीकलने लगीओर मेरे सरको पकडकर उसने बुब्ससे दबा दीयाफीर मे थोडा नीचेकी ओर सरकने लगाओर उसकी नाभी चाटने लगा
तोँ आवाज़ करनेलगी ओर मे चुमते चुमते नीचे सरकने लगा आखीर मे मेने उसकी पेन्टी भि खीचली तोँ उसने अपनेहाथ अपनीचुत पर्र रखलीया ओरउसे ढकनेलगी तौ मेने उसकीओर देखातो उसने हसके अपनाहाथ हटालीया तब मेने उसकीचुत पर्र अपनामुह लगालीया ओरउसे स्मुच करनेलगा तौ धाराने अपने दोनो हाथोसे चदर पकडली
ओर अपनामुह इधरउधर करके छटपटाने लगीतब मेने उसकीचुत मे अपनीजीभ घुसादी ओर उसकी चुतके दानेको खरोदने लगातो उसने मेरासर पकडकर उसेचुत पर्र दबा दीयाओर अपनीकमर हीलाने लगी वोँ बहुत उतेजीत होगइ थि उसने मुजेसर पकडके अपनेउपर खीचलीया ओर मेरी आंखोमें देखकर कामुक आवाज़ मे कहा
धारा : राज प्लीज अब बरदास्त नहीं होता मुजे पुरी तराह अपनी बनालो आज मुजे कलीसे फुल बनादो प्लीज।
मे : धारा इसके लीये तुम् सजधजकर होनां
धारा : हां जानुयह लम्हाके लीये तौ मे कबसेतरस रहीहुं आजाओ मुजमे समाजाओ, बनादो मुजे लडकीसे तुम्हारी ओरत नाँ जाने मेंने तुम्हारे संगइस लम्हेके लीये कीतने साल इन्तजार कीयाहे
फीर मे उसकेपेर केँ बीचबेठ गय़ा ओर अपना नीकर नीकाल दीया धाराकी चुत तौ पहेलेसेही गीली थि मेने अपना लन्ड पहेले चुत पर्र घीसना चालु कीया तोँ धारा केँ मुहसे सीसकारीया नीकलने लगीफीर मेने अपना टोपा थोडा अंदर फसाया ओर धारा केँ उपर लेटकर उसके दोनोहाथ अपने हाथोसे पकडलीये
ओर अपना होंठ उसके होंठ पर्र रखकर लीपलोक करलीये ओरअेक जोरदार धका मारा तोँ लन्ड धाराकी चुत चीरकर अंदरआधा उतर गय़ा तौ धाराकी मेरे मुहमें चीख नीकरलकर दबगइओर उसकी आंखसे आंसु बहेने लगेओर मुजसे छुटनेके लीये छटपटाने लगीओर अपनामुह दर्द केँ मारेइधर उधर करनेलगी तौ हमारा लीपलोक छुट गय़ा तौ कहेने लगी
धारा : ओह.माँ.प्लीज। राज नीकाललो बहोत दर्द होताहे उइ.अहह। राजकुछ करो बहोत दर्द होताहे प्लीज।
मे : जानु मेरी आंखोमे देखोउस पऱ ध्यान मतदोबस मुजेकीस करो अभि दर्दखतम हौ जायेगा
तब धाराने मुजे चुमना चालुकीया तौ मेभी उसके बुब्स दबाने लगाओर उसे होंठो पर्र कीस करनेलगा थोडी देरमे धारा कां दर्द बहुतकम होगया तोँ उसने मुजे पुछा
धारा : जानुअब कीतना बाकीहे आप् अेक हि बार मे डाल दीजीयेगा ताकी बारी बारी दर्द नाँ होँ अब अच्छा लगनेलगा हे आप् सुरु करीये
फीर मे धीरे-धीरे धीरे-धीरे धके मारने लगा तोँ वोँ दर्द केँ मारे सीसकारीया करनेलगी फीर थोडी थोडी अपनीकमर हीलाने लगी तौ मे समज गय़ा कि धारा कां दर्दखतम होँ गय़ा हे तौ मेने मोका देखकर अेकओर जोरदार धका मारदीया तोँ पुरा लन्ड चुतमे उतर गय़ा तौ धारा चीखने लगीओर आंसु बहाने लगी तौ मेने हीलना बंध करकेउसे बाहोमें भीचलीया ओर उसके होंठ चुसने लगा तोँ वोँ भि मेरासंग देनेलगी फीर उसका दर्दकम हुआतो अपनीकमर हीलाने लगीफीर मेने भि उसे धीरे-धीरे धीरे-धीरे सोट मारना चालु करदीया तौ वोँ मदहोस होनेलगी ओरकमर उछालके मेरासंग देनेलगी ओर बडबडाने लगी
धारा : ओह.राज समाजाओ मुजमे आजसे मे आपकी होगइ मुजे जोरोसे चोदोराज आपसे मे सादीसे पहेले हि यहसभी करना चाहती थि आज अपनी धारा पर्र रहेममत करना
फीर मे उसे जोरोसे पेलने लगा तोँ वोँ भि उछलकर मेरासंग देनेलगी ओर थोडीही देर मे वोँ अकडने लगी तोँ कहेने लगी
धारा : फकमी हार्ड बेबी मे आने वालीहु ओर जोरोसे चोदो येस.बेबी आइअेम कमींग ओर जोरसे फास्ट बेबी येस.येस। मे आइ.ओह.ओह.राज गइ मे.अहह.इइइइइइइ
कहेके धाराजड गइओर मुजे जोरोसे बाहोमे भीच लीयाफीर कीस करनेलगी तोँ मेने उसके बुब्स चुसना चालुकर दीया तौ वोँ मेरे सरको सहेलाने लगीफीर मेनेधके मारना सुरु करदीया तौ धारा भि मुजेसंग देनेलगी फीर हमारे बीच धमासान चुदाइका दोरचल पडा मेने धारा कों दोबार ओर जडादीया
ओर आखीर मेने लन्ड बच्चेदानी तक घुसा दीयाओर अपना गर्म लावाकी उनके बच्चेदानीपे पीचकारीया छोडने लगा तोँ धाराके सरीरमें कुछ अलगही हलचल हुइ ओर वोँ चीखके मेरेसंग जडनेलगी उसकीचुत मेरे पानीसे पुरीभर गइओर मे उसकेउपर अेसेही लेट गय़ा थोडीदेर हम् अेसेही रहेतब तक धारा मेरीपीठ सहेलाते रहीतब धारा नें कहा
धारा : जानअब हटीये मुजे बाथरुम मे जानां हे नीचेसभी खराब हौ गय़ा हे
मे : नहीं धाराहमे अेकबार ओर करनाहे तुजे हमारा रुलतो पताही होगा नेनुने नहीं बताया
धारा : (हसकर) बताया हेओर मेरे कहेने सें आप् मानने वालेभी नहींहे पताहे, आज मेने अपने पतीसे करवाया हेअब मे अपने दोस्तसे करवाना चाहती हुराज जब हम् यार थें तबही मे आपकेसंग सेक्स करना चाहती थि आज आपकी मित्र कों मत छोडना कीतने सालोसे पागलथी आपके पीछे मुजेअब कभीमत छोडनां
मे : हां धारा तेरीहर तम्मना पुरी करुगा मे, अब तौ तु मेरी पत्नि हे तुजे केसे छोडता
फीर हम् दुबारा चुदाइ करनेलगे इसबार तौ धारा मुजे शर्म छोडकर जमकर चुदवाने लगीओर मुजे उकसाने लगी उसकी आंखमें मुजे वासना दीखने लगीओर मुजे कहेने लगी
धारा : राजआज अपनी धारा कों चोदचोद कर अपनी बाकी बीवीकी तराह बनादो मुजे भि बेसर्म बननाहे आप् मुजेअब कभी भि चोद सकतेहे अब मे कभीमना नहीं करुगी ओरतेज करोहां बस अेसे हि मुजे रंडी समजकर चोद डालो मे अब तुम्हारे बगैर नहींरहे सकतीफक मी हार्ड राजओर जोरोसे चोदो मुजे
फीर हमारे बीच जबरदस्त घमासान चुदाइ हुइ हम् लगातार ३५ मीनीट तक करतेरहे दुसरी बार मेने धाराको दोबार जडा दीया थां ओर आखीर हम् दोनोअेक बारफीर साथमें जडगये ओर मे धारा केँ उपरढेर होँ गय़ा हम् दोनो अेसे हि पडेरहे तब तक धारा मेरीपीठ ओर मेरासर सहेलाती रही उसके चहेरे पऱ अब पुरी तराह संतुस्टीके भाव थें फीर मे उसकेउपर सें उतर गय़ा तौ उसकीचुत सें हमारा मीश्रीत पानी केँ संगखुन भि नीकलरहा थां
तौ मेने कपडेसे साफ कीयाओर उसे गोदमें उठाके बाथरुम मे लेगा मेनेउसे चलने कों कहा तोँ चल नहीं पारही थि फीर मेने उसकी सीकाइ करदीओर हम् दोनो नें अेक दुजेको नहलाया फीर मे उसको गोदमें उठाकर वापीस बेड पर्र सुलालीया ओर मेने अपनीचदर चेन्ज करलीओर हम् नंगेही लेटेरहे तोँ धाराने मेरे सीने मे सर रखकरकहा
धारा : थेन्कयु जानु आखीर मुजेओरत बनाही दीया, जानुआज मे बहोत खुसहुं कास आप् मेरी जींदगी मे पहेलेही आजाते तोँ कीतना अच्छा होतातब हमने सेक्स करलीया होता तोँ मे वोँ सादीही नहीं करती मे आपका वेइट करतीओर हमने सादी करली होती
मे : अबयह आप् आप् क्याँ लगारखा हेयार हेतु मेरी
धारा : (हसकर) नहीं अबतो मे आपको आपही कहुगी आप् मेरेपती हौ अबपता चला मुजे कि पतीको मानसे बुलाना कीतना अच्छा लगताहे मे अब हमेसा यही कहुगी समजे
मे : तुम् सभी बीवीओकी बातेकभी कभी समजमेही नहींआती कीतनी इजत देतीहे आप् पर्र धाराअब तुजे भि हमारे संग, साथमें सोना पडेगा तुसो पायेगीनां?
धारा : अरे मेतो कबसेतरस रहीहु संग सोने केँ लीये देखुतो सही मेरीसभी सौतन बीस्तरमें केसी दीखती हे
मे : देख लेना रातमे सभी रंडी बनजाती हेओरसभी मजेसे चुदवाती हे
धारा : जानुसभी कीतनी अच्छी हे मेने सुनाहे आपके जिंदगी मे कइ बीवीया आने वालीहे हम् चार तौ आगइ बाकी कि कोनहे मुजे बताइअेनां
मे : धारा तुजेजलन नहीं होतीसभी सुनके
धारा : जी नहीं मुजे नेनु दीनेसभी बता दीयाहे आप् हमे सबको बराबरका न्याय देतेहे तौ क्यु जलुगी मे बताओनां कोनहे वोँ सायद मे कुछ सहायता करसकु मेरेपती कि
मे : अबतोतु मेरी पत्नि हे तौ तुजसे कुछ नहीं छुपा सकता, अेक तौ दिवु जोँ मुजसे प्रेम करनेलगी हे वोँ भि हम् हिमाचल मे थें तबसे पऱ मुजे मालुम नहीं थां दोदीन पहेलेही उसने मुजे अपनी दीलकी बात बताइयह सीर्फ नेनु जानती हे
धारा : (खुस होकर) व्होट हमारी दिव्या आपसे प्रेम करतीहे ग्रेट राज वोँ बहोत अच्छी लडकीहे ओर मेरीउसे बहोत पटतीहे ओर दुसरी.वोँ कोनहे
मे : तुजे सायदसोक लगेगा, पर्र वोँ अभि नहीं जानती कि मेरी जींदगीका हीसा बनने वालीहे यह सीर्फ नेनु हि जानती हे मुजे भि उसनेकल हि बताया तुउसे जानती हे
धारा : (हसकर) मे उसे जानती हुकोन हौ सकतीहे हं.राज कही आपका इसारा.नहीं गेसकर सकती आपहीबता दीजीये
मे : वोँ तेरी बेस्ट फ्रेन्ड हेनां हमारी जसु वोँ हि हेओर मेरी बाकीकी पत्नि अभि मेरी जींदगीमे नहींआइ हे
धारा : (खुस होके)राज आपनेतो वाकइ मुजे सोक्ट करदीया मेरीजसु हे?ओहमाय गोड
कहेके धाराकी आंखसे आंसु बहेने लगे तौ मेने उसके आंसु पोछेओर कहा
मे : धारा इसीलीये नहींबता रहा थां ताकी तुजेदुख नाँ पहींचे
धारा : राज मुजेदुख नहीं होरहा हे येतो मेरे खुसीके आंसुहे मेरीजसु अब हमेसा मेरेसंग रहेगी आप् यकीन नहींकर सकते आपने मुजे कीतनी खुसी दीहे आपने तौ मेरी जसुकी जींदगी हि बदलदी मे कीतनी खुसहुं सुनके, क्याँ वोभी आपको प्रेम करतीहे?
मे : नहीं वोँ तौ बेचारी इस बारेमे जानती तक नहींहे, पऱ मुजे लगताहे पीछले तीनचार दीनसे उसका लगाव मेरीतरफ बढरहा हे वोँ मुजे देखकर बहोत सरमाने लगीहे
धारा : (हसकर) जानु आप् चीन्ता मत करीये मे आपकी इसमें सहायता करुगी मे उसकामन जानकर आपकोबता दुगी
मे : धारा उसकीकोइ जरुरत नहींहे सही वक़्त आने पर्र वोँ स्वयं हमारे संगजुड जायेगी तुम् चीन्ता मतकरो वोँ सबसे भोली लडकीहे ओर सेन्सेटीव भि हे बहोत नाजुक
धारा : हां जानु आप् नें सही पहेचाना उसे बहोत हि कम बोलती हेराज आजतो आपने मेरी खुसी दुगनी करदीआइ लवयुसो मच
कहेके मुजे चुमने लगी तौ मेभी उसके होंठ चुसने लगा तौ उसने मुजे सीधा लीटादीया ओर मेरेउपर बेठगइ फीर अपनीचुत मे लन्ड सेट करके लन्ड चुतमे उतार दीयाओर मेरेउपर लेटगइ ओरओर अपनीकमर उछालने लगी उसकी आंखोमें मुजेनसा ओरहवस दीखने लगा तौ मे उसके बुब्स पकडकर मसलने लगा तोँ वोँ कामुक होकर अपनी स्पीड बढाती गइओर मुजे जोरोसे पेलने लगी वोँ अब पुरी तराह बेसर्म बनके चुदवा रही थि तब अचानक उसका सरीर अकडने लगाओर वोँ जडगइफीर मेरेउपर अेसे हि ढेर होगइफीर मेरी आंखोमें देखकर कहेने लगी
धारा : (हसकर)अब अपनी धारा कां यहरुप आपको केसालगा
मे : (हसकर) बहोत होट, तु अेकदम कामदेव कि मुरत हौ पहेली हि बारमें अेसे खुलकर प्रेम करती हौ मे बहोत खुसहुं अब तोँ तुजे दीनमे भि प्रेम करुगा सबके सामने
धारा : (हसकर) सबके सामने? शर्म नहीं आयेगी आपको हैं.हैं.हैं।
मे : मे नहीं सरमाता, अपनी बीवीसे प्रेम करनेमें केसी सर्म? मे सबको अेसेकर चुकाहुं
धारा : ठीकहे मुजेकोइ शर्म नहीं आयेगी अगर मेरी ख़्वाहिश हुइ तोँ मेभी आपको पटकरठोक दुगी आप् सजधजकर रहीयो हैं.हैं.हैं। (हसनेलगी)
फीर हम् बेडसे उतरगये ओर धारा कों मे खडेअडे हि पेलने लगा वोँ भि मजेसे मुजसे चुदवाती रहीओर हम् संग मे जडगये फीर हम् दोनो नें कपडेसे अेक दुजे कों साफ कीयाफीर थोडीदेर बादअेक बारओर उसे घोडी बनाके पेलातब रात कों चारबज गये थें फीर हम् दोनो नें साथमें सावर लीयाओर मे धारा कों उठाके बेड पऱ लें आयाफीर मेनेउसे पेइनकीलर ओर आइपील खीलादी ओर दोनो नंगे हि अेकदुजेसे चीपककर सोगये
सुकहजब ८.३०बजे तब मेरा मोबाइल बजने लगातो मेने नींदमे हि उठालीया तोँ नेनु थि
नेनु : हलो जानुअब उठना नहींहे क्याँ? कीतने बजेहे जरा घठीमें देख लीजीये
मे : (नींदमे) सोने दोनां नेनु कीतने बजेहे?
नेनु : अरे९ बजनेको आयेहे ओर वोँ धाराकी बच्ची कहाहे वोँ भि सोइपडी हे क्याँ?
मे : हां अभि वोँ सोरही हे अभि उठाता हु हम् आतेहे ओकेबाय
कहेके मेने धारा कों जगाया तौ उठकर खुदको नंगा देखकर सरमागइ फीर उसकोरात कि धमासान चुदाइ यादआने लगी तोँ मुस्कराने लगीफीर उसने मुजेकीस करके गुडमोर्नींग कहाओर हम् दोनो बाथरुम मे घुसगये ओर फ्रेस होकर नहाने लगेतब मेने धाराको अेकबार ओरखडे खडेचोद लीयाओर हम् नहाकर बहारआगे ओर सजधजकर होनेलगे तब नेनु कां मोबाइल धारा केँ मोबाइल पऱ आगया तौ धाराने उठालीया
धारा : हां नेनु दि हम् आहीरहे हेबस रेडी होँ गयेहे अभि आतेहे
कहेके उसने मोबाइल काट दीयाओर मुजे जटसे जानेको कहेने लगीफीर हम् सजधजकर होँ गये तौ धाराने अेकबार मुजे बाहोंमे भरलीया ओर मेरे होंठ पर्र कीस करनेलगी फीर हम् दोनोघऱ कों लोक करके नीकलगये ओरघऱ पहोंच गये तोँ सभीहोल मे हमारा वेइटकर रहे थें तब नेनु हमारे पासआइ ओर हमारे रुम मे सबको बुला लीयाफीर मेने चारोकी मांग भरदीफीर चारोने मेरे बारी बारी पांव छुअेतब नेनु नें कहा
नेनु : अबचलो हमे तोँ जोरोसे भुखलगी हे आपहीका वेइटकर रहे थें
मे : नेनु आजतो सबकोचाइ नास्ता करलेना चाहीये थां आंटी भाभीको भि चाइ नहीं मीली
नेनु : उसकी चीन्ता मत कीजीये वोँ दोनो कों चाइ नास्ता करा दीयाहे सीर्फ हम् सभी बाकीहे ओर आपतो जानते हे हम् आपके बगैर नहीं खाते तौ अब चलीये
फीर हम् सभीचाइ नास्ता करनेबेठ गयेतभी कमलाभाभी भि आगइओर आंटीके पास जाकरबेठ गइ हमनेकहा तौ वोँ सभी घरसे करके हि आइ थि तब मेनेकहा
मे : नेनु हमारे खातीर इन दोनो कों भि भुखारखा हे तुने
दिव्या : नहीं जीजु नेनु दीने तौ कहा थां पऱ आपके बगैर खानेका मजाही नहींआता तोँ हमने भि वेइट करलीया क्युजसु दि
जसु : हांअब तौ आदतपड गइहेसभी मस्ती करके खहाते हे तौ अच्छा लगताहे
सोनु : जानु आप् कीतने बजे सोये? (हसनेलगी)
मे : चुपकर बंदरीया वोँ सभी अकेले मे पुछना शर्म नहींआती वहां तीनोसुन रहेहे
दिव्या : तौ क्याँ हुआ भाभी तोँ हमसे भि बेसर्म हेउसे क्याँ सरमाना बताओनां जीजु
मे : (हसकर) हम् चारबजे सोयेहे
नेनु : यह तोँ धारा कों देखतेही पताचल गय़ा इसीलीये तौ देर तक सोतेरहे
धारा : (सरमाके) नेनु दि आपभीनां (हसनेलगी)
सोनु : ओये.ओये। देखो केसे मनमें लडुफुट रहेहे मेरी प्यारी सौतन
अंजु : अबबस भि करो बेचारी कि कीतनी टांग खीचोगी
नेनु : तुजेबडी दया आँ रहीहे जा उसकीगोद मे बेठजा (हसनेलगी)
तबसभी हसनेलगे तौ जसु मुजे तीरछी नजरसे देखकर मुस्करा रही थि तौ धाराने बात नोटीस कि तौ मेरीतरफ देखकर मुस्कराने लगीफीर हमनेचाइ नास्ता फीनीस कीयाओर मे आंटी केँ पास जाकरबेठ गय़ा तौ कमलाभाभी मुजे देखकर कातील स्माइल करनेलगी तोँ ताराभाभी भि मुजे देखकर नैन नचाने लगी तौ मेने हसकर दुसरी ओर देखने लगातभी अंजुआगइ ओरकहा
अंजु : जानु हम् सभी तैयार हेचलो
फीर मे गाड़ी कि चाबी लेकर बहार नीकल गय़ा तौ पीछे अंजुजसु ओर दिवुआगइ आज धाराको अंजु नें घऱ पर्र हि आराम करनेके लीयेरोक लीयाओर तीनोआकर कारमें बैठगइ तोँ मेने गाड़ी ओफीस कि ओर दोडादी फीर हम् सभी फेक्टरी पहोंच गयेओर हम् ओफीस मे जाकरबैठ गये तौ दिवु अंजु केँ पी.सि। पर्र काम करनेलगी
मे ओर अंजु धाराकी ओफीसमे चलेगये फीर अंजु नें धाराका पी.सि.ओन करके हमारे इमेइल चेक करनेलगी तौ राहुलकी कंपनीके दो मेइल आचुके थें ओरअेक दुसरी कंपनी केँ, अंजुने प्रींन्ट नीकाल लीयाओर मुजे देदी तोँ मेनेपढ करउसे वापस अंजुको दे दीयाफीर हम् दोनो दिवु केँ पासचले गयेओर हमने मेइलउसे पढने दीया तौ दिवुने कहा
दिव्या : जीजु येतोफुल अेन्ड फाइनल करना चाहते हेकोन हेयह राहुल जौ आपकीहर सर्तमान रहाहे
मे : दिवु हमारी जयपुर कि फेक्टरी हमने इनको बेचीहे ओर वोँ पावर टर्बाइन कां प्लान्ट कररहे हे जौ हमे भि आगे फायदा करेगा इससे दुसरी कंपनी हमे थोडा ज़्यादा रेटदे रहेहे फीर भि मे इससेडील फाइनल करना चाहता हुं ताकीहमे आगे जाके इसके टर्बाइन कि जरुरत पडेगी, क्याँ कहेती हौ तुम् दोनो आप् जौ कहेगे मे वोही करुगा
अंजु : आइ थींकहमे राहुलजी कि कंपनी केँ संगडील फाइनल करनी चाहीये हम् आगे जाके उससे बहोत बडा बीजनेस कर सकतेहे
दिव्या : जीजु मुजे भि यही लगताहे फीर भि डीसीजन आप् लो
मे : ठीकहे हम् राहुलसे डील फाइनल करेगे, अंजु तुम् धारा कों कहेकर सभी लीगल पेपर सजधजकर करवालो ओरउसे मेल करदोडील हम् राजकोट हमारी फेक्टरी हे वहां बहोत बडा पापाने कोन्फरन्स होल बनाया हे हम् वही चलेगे आप् उसे इन्फोर्म करदो
फीर अंजु मेइल करनेचली गइ इससे पहेले उसने धारासे बात करली तौ धाराने बता दीया कि क्याँ मेइल करनाहे फीर दिवुने अपनाकाम फीनीस कीयाओर उसने राजुको बुलाकर फोरकलर पी्रन्ट नीकलवाने कों कहा तोँ मेने राजु कों चाइ केँ लीये भि बोल दीयाफीर दिवु नें पी.सि। सटडाउन करदीया ओर नेरीतरफ घुमके मुजे स्माइल देकरकहा
दिव्या : हां तोँ जानु मेराकाम पुरा हौ गय़ा अब क्याँ करनाहे?
मे : (हसकर) तुजे प्रेम करनाहे बोलकब चलेगी
दिव्या : (सरमाके) क्याँ आप् भि अभि यहां वोँ दोनोहे अभि नहीं
मे : डरती हौ दोनो सें तौ मे उसे पुछकर लेँ जाताहुं
दिव्या : पागलहे क्याँ अेसा थोडी पुछते हे क्याँ आप् भि।
तभी अंजु अंदरआगइ ओर हमारे पासबेठ गइफीर उसने मुजेकहा
अंजु : जानु मुजे धाराने कहा हैं आप् घऱ पऱ आओगेतब हम् वही सें मेइल करदेगी वोँ आपसेकुछ डीसकस करना चाहती हे
मे : कोइबात नहीं हम् बाद मे कर लेगे
फीर थोडीदेर बाद राजु प्रीन्ट लेकर आगयाओर हम् सबकोचाइ दि फीर हमने देखा तौ दंय हि रहेगये दिव्याने क्याँ थ्रीडी मोडल बनाया थां जेसे सचमुच मंदिर कि तस्वीर ली हौ मंदिर अेकदम भव्यलग रहा थां मे फोरनखडे होकर दिवुको गले लगालीया तौ वोँ सरमाके हसनेलगी फीर अंजु भि देखकर खुस होगइ तौ उसनेजसु कों भि बुलाकर दीखाया तौ जसु भि दंगरहे गइओरकहा
जसु : क्याँ दि वाकइ जीजु इतना भव्य मंदिर बनवारहे हे?
दिव्या : हांजसु हुबहु अेसा हि होगा जोँ बाबाजे परमीसन देदी तौ
मे : अरे देख्ना दिवु बाबा देखकर हि चकीत होँ जायेगे, हम् डील फाइनल करके नीकल जायेगे तु अपना बीस्तरा पोटला बांध लेना
दिव्या : (हसकर) दि यह तोँ मुजे भगाने केँ चकरमें हे
मे : चुपकर बंदरीया तुजेवहा सभी तैयारी नहीं करनी पडेगी, अब तौ तु हमसे छुटनेकी सोचेगी फीर भि हमसे नहींछुट पायेगी
अंजु : दिवुयह मजाककर रहेहे तु बुरामत माननां
दिव्या : पताहे दि मे भलीभांती जानती हु इनकीआदत इसका क्याँ बुरा माननां, जीजुअब आपके बंगले कि बारीकहो कीस टाइप कां चाहीये
मे : वोँ हम् घऱ जाकर डीसक्शन करेगे मेरीसभी बीवीयोकी भि राय लेनीहे
फीर हम् बाते करतेरहे तभी ११.३०बज गये तौ हम् सभी नीकलगये ओरघऱ पहोंच गयेफीर हम् सभी फ्रेस होकर होलमें बेठ गयेतो नेनु सोनुओर धाराको मेने बुलाया ओर सबको मंदिर कां मोडल दीखाया तौ सभी देखकर दंगरहे गयेओर सोनु तोँ उछलकर दिवुके गलेलग गइ
फीर मेने बंगलो केसा बनाना चाहीये इस बारे मे सबकीराय पुछने लगा तौ सभी नें अपने रीक्वायरमेन्ट केँ हीसाबसे मुजेराय दि कि इसमे इतने कमरे होने चाहीये हम् बाथरुम केसा होना चाहीये सभी डीसक्शन करनेलगे तोँ जसु नें कोइराइ नहीं बताइओर सबकी बाते सुनती रहीओर मुजे देखती रही तोँ नेनु नें नोटीस करलीया ओरकहा
नेनु : सुनो सबने कुछना कुछराय दि हेजसु तुकुछ क्यु नहीं बोलि हमेभी सजेसन कर
जसु : रहेने दो दि सभी नें डीसाइड कीयाहे तौ मे क्याँ कहुगी
मे : जसु हम् तुजेओर तेरी फेमीलीको अपना सदस्य मानते हे तौ तुजे बताना पडेगा
जसु : ठीकहे मेरीराय मे यहां बंगलो बनाना हि नहीं चाहीये
कमला : जसु दि आप् क्याँ कहेरही हे?
मे ओर नेनुसमज गयेजसु हमेकोइ बडा सजेसन देने वालीहे तौ नेनु नें उसे अपनेपास बुलाकर हमारे सामने बीठा दीयाओर कहा
नेनु : जसुतु बीन्दास बोल क्याँ कहेना चाहती हे तेरे दीमागमें कुछ अलगही चलरहा हे
जसु : जी.दिअब हमारा बीजनेस बढने वालाहे आयेदीन आप् कों फ्लाइट मे सफर करना पडेगा ओर आपकोअब बडे सीटी मे जानां हे ताकीसभी आसानी रहे हमारे बीजनेस केँ लीयेओर आपके टड्ढावेल केँ लीये मेरीयह रायहे याँ तौ आप् राजकोट याँ अहेमदबाद सीफ्ट होँ जाइअे हमे यहां इतना खर्चा करनेकी जरुरत नहींहे
मे ओर नेनु तोँ उसे देखतेही रहे तोँ जसु थोडा अनकंफर्टेबल होने लगीतो मेनेकहा
मे : जसु तेरा दीमाग तोँ बहोत चलताहे, तेरीहर बातसही हे, क्याँ कहेती होँ नेनु?
नेनु : मुजे तौ जसु कि बातसही लगरही हेहमे अब सोचना चाहीये
तारा : क्याँ सोचना चाहीये बच्ची बीलकुल सहीकहे रहीहे, अब आप् लोगो कों बडे सहेर मे सीफ्ट हौ जानां चाहीये समजे
फीरसभी सोचने लगेओर आखीरसभी कि येराय बनी केँ हमे राजकोट सीफ्ट हौ जानां चाहीये ओर वहां हमारी फेक्टरी भि बहोत बडीहे पापाने वहांसभी कोर्पोरेट ओफीस फेक्टरीमें हि बनाया हेवहा सभी सुवीधा भि हेओर हमने डीसीजन लेलीया कि हम् अबवही सीफ्ट होँ जायेगे तभी कमला भाभीने सभी कों आवाज़ दि तोँ हम् दोपहर का खाना करनेबेठ गयेफीर कमलाभाभी दोडीस लेकर आंटीओर ताराभाभी कों देकरआइ ओर हम् दोपहर का खानालगे तौ मेनेकहा
मे : अगरहमे बंगलो वही बनाना हेतोहमे जमीन चाहीये वोभी हमारे फेक्टरीके नजदीक
दिव्या : जीजु आप् अपने साले कों क्यु नहीं कहेते वोँ ब्रोकर भि हेओर लोकल भि हे
नेनु : हां जानु आप् उनसेबात करो, वेसे भि वोँ गये तबसे हममेसे कीसीने मोबाइल तक नहीं कीयाहे, ओरहां पहेले आप् बात करोलो फीर अंजुकोल करदेगी
मे : अरेअब क्याँ प्रोबलेम हे अंजुको तौ बात करनी चाहीये हम् सभी जमेले मे भुलगये हे
अंजु : नहींजब तक आप् नहीं कहेते मे बात नहीं करुगी मेरी फेमीली यहहे वोँ नहि
मे : बेबीतब बातअलग थि अब तौ सभीसही हौ गय़ा हे आप् कभी भि उसेबात कर सकती होँ अब मुजेसे परमीशन लेने कि जरुरत नहींहे
नेनु : आइ थींक हम् सबकोअेक बार वहां जानां चाहीये वोँ हमे कीतना आग्रह करकेगये हे
दिव्या : जीजु वेसे भि हमेउस पार्टीसे डील करनीहे ओर आप् कहे रहेथे सभी सुवीधा वहां पर्र हे तौ क्यु हम् उसीदीन सभी वहां जाये
मे : नहींहमे इससे पहेले जानां पडेगा, वहां फेक्टरी कंपलीट हे तोँ हम् कीसीभी कामसे पहेले वहां पुजा करेगे भुलगइ बाबाने क्याँ कहा थां
नेनु : ठीकहे आप् सककल कि तैयारी सुरु करदो हम् कलही पुजा करेगे फीरजब तक आप् डील केँ लीये नहीं जाते तबतक अंजुवही रुक जायेगी फीर हम् उनकेघऱ जायेगे उन लोगो कों भि अच्छा लगेगा
अंजु : (नम होकर) नेनु दि मे नहीं जाउगी, मुजे आप् लोगोसे जुदा नहीं रहेना
नेनु : अरे पगली हम् कहा तुजे जुदा करतेहे, जरा अपने मां बापू केँ बारे मे तोँ सोच बेचारे अपनी गलती कि वजह सें तुजे वोँ कुछ कहेने सें भि डरतेहे
मे : अंजु नेनुठीक कहेरही हेअगर तुजे अच्छा नहींलगा तोँ मुजे मोबाइल करदेना मे लेने आजाउगा ओके
अंजु : ठीकहे जेसे आप् कहे, मे अभि धारा दिवुसे मीलकर इमेइल कर देतीहुं
फीर हम् सभी नें दोपहर का खाना फीनीस कीयाओर आंटी केँ पास जाकरबैठ गय़ा तौ नेनु भि आकेबेठ गइओर उसने मुजे महेश कों मोबाइल करने कों कहा तोँ मेने महेशको मोबाइल लगा दीया तोँ नेनु नें अंजु कों बुलाकर अपनेपास बीठा दीयाओर मे बात करनेलगा
कन्टीन्यु.
my new kahani yeh kesi ehasaas (Full Storyd) – New Episode
यह केसी अनुभुती
भाग - ५४
फीर हम् सभी नें दोपहर का खाना फीनीस कीयाओर आंटी केँ पास जाकरबैठ गय़ा तोँ नेनु भि आकेबेठ गइओर उसने मुजे महेश कों मोबाइल करने कों कहा तौ मेने महेशको मोबाइल लगा दीया तोँ नेनु नें अंजु कों बुलाकर अपनेपास बीठा दीयाओर मे बात करने लगा.अब आगे
मे : हेलो महेश केसे हौ ओरघऱ पऱ माँ पिताजी केसेहे सभीमजे मे?
महेश : अरे जीजु आप्, हम् सभी मजेमे हे आप् बताइअे वहा आप् ओर मेरीसभी बहेने केसीहे
मे : सभीमजे मे हे, सुन कल हम् कल हमारी फेक्टरीमें पुजारखी हे तौ सभी आँ रहेहे ओर आप् सबको भि कल आनांहे
महेश : श्योर जीजु, हम् सभी जरुर आयेगे, क्याँ कररही हे अंजु दिदी
मे : यहीहे मेरेपास, लें बातकर अपनी दिदी सें
कहेके मेने अंजुको मोबाइल पकडा दीया तोँ अंजुबात करनेलगी ओरबात करते करतेरो पडी तोँ नेनुने उसकीपीठ सहेलाके उसे सांत कीयाफीर नेनुने महेशसे बात कि ओर हम् सभीकल आँ रहेहे कहाफीर उसनेबात खतम करदीओर मोबाइल कट करदीया
नेनु : जानु आप् पुजारीसे बात करलो, नहीतो महेशको बोलके राजकोटसे अेरेन्ज करलो
अंजु : मे महेश कों कहे दुगी, आप् सगुन कों मोबाइल करदो वोँ भि राजकोट हि हेओर नेनु दि आप् अजय भैयासे कहेकर वहासभी अेरेन्ज कनेको कहेदे ओर उसकी फेमीली कों भि बुला लीजीये कमला तौ इधर हि हे, चलो मे धारासे मीलकर मेइल करतीहुं
कहेके अंनु उठकरचली गइ तोँ नेनु हसनेलगी ओर कहेने लगी
नेनु : (हसकर) भाभी देखा सीर्फ मायके बात करनेसे कीतना पावर आगया महारानी केसे सबको ओर्डर करकेचली गइ
तौ आंटी ताराभाभी ओर मे हसनेलगे फीर नेनु उठकरचली गइओर आंटीओर ताराभाभी भि आराम करने जानेलगी फीर मे मेरेरुम मे आकेसो गय़ा शामचार बजे मुजे नेनु जगाने आगइ तौ मेनेउसे अपनेउपर खीच लीयाओर चुमने लगा तोँ नेनु गर्म होनेलगी फीर मुजेसे दुर होगइ तोँ उसकी सासेतेज चलनेलगी ओरकहा
नेनु : आपने मुजे गर्म हि कर दीयाअब रात तक केसे वेइट करुगी मे भि आपकेसंग ओफीस चलतीहुं अब चलीये चारबज गयेहे
कहेके वोँ बहारचली गइओर मे बाथरुम मे जाके फ्रेस होगया ओर बहारआके डाइनींग पर्र बेठ गय़ा तभी धारा अंजुभी आगयेओर मेरेसंग बेठगये तौ मेनेकहा
मे : महारानी भि आँ रहीहे
अंजु : (धीरेसे) जरुर आपनेउसे छेडा होगा, वोँ अब रुकने वाली नहींहे
धारा : (हसकर) दि हम् वहाकाम करनेजा रहीहे जरा बतादो उनको
अंजु : (धीरेसे हसके)आने दे उसको वरनायह हम् दोनो कि कुटाइ कर देगे
धारा : (धीरेसे हसकर)तब तौ आनेदो हम् तौ बच जायेगी
तब नेनु दोनो कों घुसर पुसर करके देखते कहेने लगी
नेनु : क्युरी दोनो क्याँ खुसर पुसरकर रही होँ कमीनी मे नहींआने वाली समजी
अंजु : ओ बापरे लगताहे सुनलीया उसने, अरे नेनुदी हम् तोँ जश्न कि बातकर रही थि
नेनु : (आके हमारे पास बेठते) मुजे पताहे कीस पार्टीकी बातकर रही थि चुडेल कहीकी
धारा : दि हम् वाकइ आपकीबात नहींकर रही थि आप् चलीये अब तौ मे आपकोशपथ देकरभी लेजाउगी
नेनु : बसबसशपथ मतदेतु जानती हे मुजे, ठीक हे चलतीहुं, धारातु अच्छी लडकीहे यह चुडेलकी बातमत मानलीया कर तुजे भि बीगाड देगी
अंजु : ओये मेने क्याँ कीया मेतो उल्टा तुजे लेजानेको केहरही हुपुछ धारासे
धारा : हां नेनुदी अंजु दि वोहीकेह रही थि, अब छोडोसभी आप् फटाफट सजधजकर होकर आजाओ हम् चाइ पीकर नीकलते हे
तौ नेनु बडबडाती हुइ अंजु केँ पीठ मे मुका मारके रुममें सजधजकर होनेचली गइ तौ हम् तीनो हसनेलगे तभी दिवुओर जसु भि आगइतभी कमलाओर सोनुचाइ नास्ता लेकरआगइ ओर कमलाने आंटीओर ताराभाभीको दो प्लेट पकडादीये तौ सोनुने नेनुको आवाज़ देकर बुलाया तोँ नेनु सजधजकर होके दोडकर बहारआगइ ओर मेरेसंग बेठगइ तौ
सोनु : लोयह महारानी कीधरचली रेडी होकेर
अंजु : हमारे संग ओफीस आँ रहीहे
सोनु : लोजी होलीया कामउधर
तोँ सभी हसनेलगे तौ नेनु सोनु पऱ भडकगइ ओरउसे गालीया देनेलगी
नेनु : कमीनी अब तुजे क्याँ प्रोबलेम हे, मे ओफीस नहींजा सकती क्याँ?
मे : अरेचुप होजाओ सभी, जानुतु बीलकुल आँ सकतीहे अब तोँ तुजे मे रोज लेकर जाउगा
नेनु : (खुस होकर मुजे नास्ता खीलाते) थेन्कयु जानु, देखाअेक मेरापती हि मुजे समजता हे, कमीनी कहीकी
दिवु : जीजुआज मे नहीं आउगी आप् सबहीजाओ, वेसे भि मेराकाम खतम होगया हे
फीर हम् सभीचाइ नास्ता फीनीस करके घरसे नीकलगये ओर ओफीस पहींच गये तोँ सीर्फ हमारा पीयुन राजुओर सीक्युरीटी वाले हि थें अजयहमे दीखाइ नहीं दीया तौ हम् ओफीस मे आगये अंजु धारा कि ओफीसमें चलीगइ ओर दोनोकाम करनेलगी जसु अपनाकाम देखने लगी मे ओर नेनु हमारी ओफीस मे आगये तौ नेनु कों मेने अंजुकी चेर पऱ बीठादीया
तौ नेनुखुस होनेलगी फीर मेनेअजय कों मोबाइल कीया कि कहाहे वोँ तोँ मुजे कहेने लगा महेशभैया कां मोबाइल आयाथा तोँ मे सभीयहा अेरेन्ज करनेआया हुंओर भाइ नें यहा पंडीत कि भि व्यवस्था करदीहे मे सभी नीपटाके रात कों आजाउगा फीर हम् कलसंग मे हि चलेगे ओकेफीर मेने मोबाइल कट करदीया तभी नेनु नें मुजेकहा
नेनु : जानु क्याँ मुजे भि नहीं बतायेगे आप् कीतने मे डील फाइनल करने वाले होँ
मे : नहीं नेनु मेनेसभी केँ लीये सरप्राइज रखाहे आप् राजकोट तोँ आहीरही हे मे वहां पहेले तुमको बता दुंगा मेरा यकीनकरो
नेनु : (हसकर)ठीक हेठीक हे, अबचलो अंदर मुजसे कंटड्ढोल नहीं होँ रहाहे
कहेके नेनु मेराहाथ पकडकर करीब खीचके मुजे अंदर लें गइओर दरवाजा लोक करदीया फीर वोँ फटाफट अपने कपडे नीकालने लगीओर पुरी नंगी होँ गइफीर मेरे भि कपडे नीकाल दीयेओर मुजेबेड पर्र धकामार दीया तोँ मे सीधालेट गय़ा ओर नेनु मेरेउपर चडगइओर जुककर मुजे पागलोकी तराह चुमने लगी
तोँ मे उसके बुब्सको पकडके मसलने लगा तोँ नेनु सीत्कार करनेलगी ओर वोँ नीचे कि ओरचली गइफीर उसने मेरा लन्ड अपने मुहमें लेलीया ओर लोलीपोप कि तरह चुसने लगी थोडीदेर चुसनेके बाद वोँ मेरीकमर पर्र आकेबैठ गइओर लन्ड चुतमें फसाके बेठगइ तोँ पुरा लन्ड चुतमें लेलीया ओरअखबंध करके थोडीदेर बेठीरही ओरकहा
नेनु : हास.जानु कीतना सुकुन मीला अंदर लेकर, ओर आपहेकी मुजे प्यारही नहीं करते
मे : अरे जानु सीर्फ अेकदीन हि तुमसे दुररहा फीर भि, तुम् जानती हौ मे कीतना प्रेम करताहुं तुजे इसीलीये तोँ तुजेयहा लेकर आगया
फीर हम् दोनो प्रेम करनेलगे मेने नेनु कों अलगअलग तरीकेसे दोबार चोदलीया ओरअेक बार बाथरुम मे नहाते वक़्त उसकेखडे खडे हि चोद लीयाफीर हम् दोनो बहारआकर कपडे पकेनकर रेडी होगये ओर हम् दोनो बहार ओफीस मे आगये तोँ अंजुओर धारा हमारा वेइट करके बेठी थि तोँ हमे बहार नीकते हि दोनो नेनु कि ओर देखकर हसनेलगी तौ नेनु उसपेभडक गइओरकहा
नेनु : क्युरे आजकल तुम् दोनोको बहोत हसी आँ रहीहे, जानु आप् दोनोसे मेरा बदला लेना
मे : ठीकहे डार्लींग तुम् जेसा बोलो वेसा करुगा बस, अब आइसक्रिम खाओगी कि नहीं?
नेनु : हां मंगवालो, ओरकल आपने जानेका क्याँ इन्तजाम कीयाहे सभी कों लेकर जानां हे
मे : वोँ मेने टड्ढवेल्स ओफीस मे मीनीबस कां इन्तजाम करलीया हे आप् टेन्सन मतलो
धारा : राजकुछ काम कि बातहे, हमने मेइल कीया तौ नीरज कां मोबाइल आया थां वोँ लोग तौ इतने उतावले हे कि दोदीन मे राहुलजी पुरी डेलीगेसन केँ संग आँ रहेहे लगताहे वोँ डील फाइनल करके हि जायेगे
मे : तौ अच्छी बात हेनां, तुम् सभी पेपर तैयार रखना हम् यहसभी जल्द नीपटाना चाहते हे
अंजु : तौ हमको वहांदो दीन रुकना पडेगा हमारे पाससभी रेडी करनेके लीयेसमय बहोत कमहे
मे : तोँ क्याँ हुआ बाकीसभी राजकोट घुम लेगेओर हम् काम नीपटा देगे मे वहाअजय कों कहेके अेक होटेल मे तीनरुम बुक करवा लेताहुं
धारा : उसकी क्याँ जरुरत हे हमारी फेक्टरीमें हि अेक छोटा गेस्ट हाउस बनाया हेहां अगरहमे वोँ डेलीयेसन केँ लीयेकोइ अच्छी होटेल बुक करवानी पडेगी
मे : ठीकहे आप् नीरजसे बात करलेना सभी होँ जायेगा मे अजय सें कहे दुगा
तभी आइसक्रिम आगइओर हम् सबने आइसक्रिम खालीतभी जसुकुछ चेक लेकर साइन करवाने आगइ तोँ अंजु नें देखकर साइन करदीओर जसुचली गइतब तक धाराउसे देखती रहीफीर उसने मेरीतरफ देखकर स्माइल करदी तौ नेनु नें नोटीस करलीया ओर धाराको हसकर मुका मारदीया ओर हम् सभी७बजे नीकलगये
ओर सीधे मंदिर चलेगये वहां सबने दर्शन कीयेओर हम् घऱ आगये हम् सभी फ्रेस होकर सोफे पऱ बेठगये तब धाराओर जसु कीचन मे चलीगइ तब मेनेसभी कों सुभह६ बजे रेडी रहेने कों कहाओर सभी कपडेभी लें लेना अेसाकहा फीर हम् सबने डीनर कीयाओर सभी सोनेचले गये
आज धारा भि हमारे संग सोने वाली थि कमला भि यहीरुक गइ थि उसने राजन कों मोबाइल करदीया थां सुभह जाने केँ लीये तौ राजननें भि दोदीन कि छुटी लेँ रखी थि उपर दिवुजसु ओर कमलासो गइ थि ओर ताराभाभी आंटी भि सो चुकी थि तब सोनु नें कहा
सोनु : हं.आज पुरीटीम हे जानु आपकेतो जलसेहे, नेनु दि मेने सुनाहे आप् सभी कार्यक्रम करकेआइ होँ तौ आज आपकी लास्टमें बारीहे
नेनु : तौ कमीनी तु क्यु जलतीहे तुजे भि आनां चाहीयेनां यह दोनो तोँ हमारे पती कां ध्यान हि नहीं रखतीवहा सीर्फ काम हि करतीहे
अंजु : तोँ चुडेल हम् वहांकाम करने जातीहे चुदने नहीं समजी
यह सुनके धारा सरमाके हसरही थि तबसभी नंगी होगइ तोँ धारा अेसे हि बेठीरही
सोनु : अब तुजे क्याँ हुआ?तु क्याँ हमारा लाइवसो देखने आइहे?चल कपडे नीकाल
धारा : नां रे बाबा मुजे तोँ बहोत शर्मआती हे केसेसभी गंदीबात करती होँ
अंजु : धारातु मत गभरा सुरुआतमें मे भि तेरी तराह थि अब तौ रात मे अेकबार इनका नहीं लेलेती तब तक हमे नींदही नहींआती क्यु जानु?
तब सोनु नें धारा केँ सभी कपडे जबरदस्तीसे नीकाल दीये तोँ धाराखुब सरमाइ ओर अपनीचुत पर्र हाथ रखकर छुपाने लगीओर हसतीजा रही थि तौ नेनु नें कहा
नेनु : जानु कमीनी बहोत सरमाती हेआज पहेले इनकी हि बारी लेलो हम् इसकी चीखे सुनना चाहती हे
अंजु : कीतनी कमीनी हे अभि वोँ बच्ची हेकुछ तोँ शर्मकर बहार आंटी सुनलेगी तोँ दोडके इधर आजायेगी
मे : अब तुम् सभीचुप हौ जाओ पुरीरात जगडा करती रहोगी क्याँ, भुलगइ हमे सुभह६ बजे तैयार रहेना हेचल सोनुतु पहेले आजाफीर अंजुओके आजकोइ फोर प्लेय नहीं
तब सोनुआगइ ओरलेट गइ पांव फेलाके लेटगइ तोँ मे उसकीचुत केँ पास बेठके अपना लन्ड चुतमें फसाया ओरधका मारदीया तौ सोजु हल्का चीखपडी फीर मे धका मारने लगा तोँ सोनु भि गर्म होकर मेरासंग देनेलगी तब धाराहमे तीरछी नजरसे देखरही थि ओर वोँ गर्म होनेलगी तोँ नेनुने उसे खीचकर लीटादीया
ओर उसकेउपर चडगइओर उसकोकीस करनेलगी तौ धारा सरमके मारेहसे जारही थि मे सोनु जोरोसे पेलने लगा तोँ सोनु मदहोस होकर बडबडाने लगी सोनु कों मेनेदो बार पेलाओर हम् दोनोसंग मे जडगये तोँ सोनु बहोत थकगइओर फीर साइडमें जाकेलेट गइ
तब अंजुआगइ तौ मेनेउसे भि अेकबार पेलदीया तब तक धाराको नेनु नें बहोत गर्मओर कामुक कर दीया थां तब अंजुअेक हि बार करवाके हटगइफीर मेने धारा कों बुलाया तौ वोँ आसानीसे आकरलेट गइओरकहा
धारा : जानु धीरेसे करना
फीर मे धारा कों कीस करनेलगा ओर तोँ धाराकी चुत पानी छोडने लगीओर मेने उसकेउपर लेटे लेटे हि लन्ड सेट करकेधका मारदीया तोँ धारा हल्केसे चीखपडी फीर मे हल्केसे धका मारने लगा तौ धारा कामुक होकर मुजेसंग देनेलगी तोँ नेनु नें उसका बुब्स अपने मुहमें लेलीया ओरउसे चुसने लगी तोँ धाराने नेनुका सर पकडके उसके बुब्स पर्र दबाने लगीफीर मेने अपनी स्पीड बढादी
तौ धारा मदहोस होकर उछलने लगीओर बडबडाने लगी तौ नेनुउसे होंठं पऱ कीस करनेलगी तभी धारा अकडने लगीओर मुजे बाहोमें भरकर भीचलीया ओर वोँ जडगइफीर भि मेने पेलना जारीरखा थोडीदेर बादफीर अेकबार वोँ उतेजीत होगइओर उछलने लगी हमारे बीच जोरदार चुदाइ होनेलगी ओर आखीर हम् दोनो साथमें जडगये ओर मे धारा केँ उपरलेट गय़ा तौ धारा बहोत सरमारही थि ओर मुजेनजर मीलाके इधरउधर देखने लगीओर मुस्कराने लगी तौ नेनु नें कहा
नेनु : वाउ धारा तुने तोँ हमारे पती कों जल्द जडादीया
मे : नेनु बहोत गर्मभठी जेसालग रहाहे मे धारा केँ संगओर करना चाहता हुं
नेनु : लगेरहो जानु वेसे भि मेने दीनमे हि अपना कोटा पुरा करलीया हे
फीर हम् दोबारा चुदाइ करनेलगे इसबार धारा थोडा खुलके चुदवाने लगीओर नेनु कों कीस करनेलगी ओर हमारे बीच धमासान चुदाइ हुइ धारादो बारजड चुकी थि ओखीर हम् दोनोसंग मे जडगये फीर मे धारा कों लेकर बाथरुम मे चला गय़ा ओर हम् दोनोअेक दुजे कों साफ करनेलगे तौ मे धाराकी चुतहाथ लगाकर साफकर रहा थां तौ धारा कामुक नजरसे मुजे देखकर सीत्कार करनेलगी ओर उसेने मेरा लन्ड पकड लीयाओर मुजेकीस करनेलगी
तौ मेने धारा कों दीवालके सहारे अेक टांगउची करकेपकड लीयाओर खडेखडे हि अपना लन्ड उसकी चुतमें घुसा दीयाओर हम् दोनो चुदाइ करनेलगे अेकफीर हमारे बीच धमासान चुदाइ हुइ ओर हम् संग मे जडगये फीर हम् दोनो नहाकर बहारआये ओर धारा साइडमें लेटीरही तौ नेनु मेरेपास आगइओर मेरा लन्ड चुसने लगीओर फीर मेने नेनु कि अेकबार बजादी ओर हम् जडगये फीर अेसे हि हमे नींदआगइ
सुभहजब मुजे धारा नें जगाया तौ सोनु अंजुओर धारा रेडी हौ गइ थि ओर नेनु बाथरुम मे नहारही थि फीर मेने धारा कों अपनेउपर खीचलीया ओरउसे चुमने लगा तोँ कीस करके कहेने लगी
धारा : बाबुअब उठजाओ हम् बादमें प्रेम करेगे हमे पुजामें बेठना हे समजाकरो
फीर मे उठ गय़ा तभी नेनु नहाकर बहार नीकली ओर मुजेकीस करके गुडमोर्नींग वीस कीयाफीर मे बाथरुम मे घुस गय़ा जब नहाकर बहारआया तोँ मेरी चारो बीवीया मेराबेड पर्र बेठके वेइटकर रही थि तौ मे फटाफट रेडी होगया फीर सबकी मांग भरदीतब सबने बारी बारी मेरा पांव छुलीया
ओरसभी बहार चलनेलगी ओर मे भि बहार आगया तोँ सभी बहार तैयार बेठे थें तभीअजय काकीओर सीमाको लेकर आगया तौ मेनेउसे काका कां पुछा तोँ कहा बापू सीधे राजकोट आयेगे तभी राजन भि आगयाफीर सभीचाइ नास्ता करनेलगे हम् पांचोको नहीं करना थां हमारा जौ फास्ट थां तभीअजय नें कहा
अजय : भाइयह बस अभि तक नहींआइ अेकबार मोबाइल करदु मे
फीरअजय नें मोबाइल लगाया तभीहमे बहार होर्न सुनाइ दीया तोँ अजय बहार दोडाफीर आकेहमे बसआगइ कि सुचना दि तभी ताराभाभी नें नेनु सें कहा
तारा : देवरानी सभी अच्छी तराहसे बंध करनाओर हौ सके तोँ जोखमसंग मे लेलो
नेनु : भाभीसभी लेलीया हे हम् वहादो दीन रुकने वालेहे तोँ हम् जोखीम नहींउठा सकते वेसे भि यहां सीक्युरीटी बुलाली हे वोँ दो दीनरात यही रहेगे आप् टेन्सन मतलो, (मेरीतरफ देखकर) हां जानु मे वोँ यंत्र लेलु ताकी उसकी भि पुजा होँ जाये
मे : अरेहां नेनु लेलो लेलो अच्छा याद दीलाया तुने देखा भाभी, केसी पत्नि मीलीहे मुजे
आंटी : हां तोँ बहु कीसकी हे, मेराराज चुन चुनके लायाहे, हैं.हैं.हैं।
अंजु : बस आंटी ज़्यादा उसकी तारीफ मतकरो वरना हमारे सर पऱ बेठ जायेगी
काकी : अबयह दोनो यहां रुकी हेतो मुजे भि बुलाना चाहीयेना मे भि आजाती
आंटी : रमा मे अब यहांही रहेने वालीहु तौ आजाया करना मुजे कंपनी मीलेगी
तब राजनओर अजयसभी सामान बहार लेजाने लगा तोँ मे भि दोडके कुछ सामान लेलीया ओर हम् बस कि डीकीमें रखनेलगे तभी नेनु यंत्र लेकरआइ ओर आंटीके हाथ मे देदीया ओरउसे नीचे नहीं रखनेकी सुचना देदीफीर हम् सभी बहार आगये तौ नेनुने घरको ताला मारदीया
ओर सीक्युरीटीके पास जाकरउसे कुछ सुचनाअे देनेलगी तबअजय नें भि फेक्टरी पऱ मोबाइल करके राजुओर सीक्युरीज्ञीसे बात करलीफीर हम् सभीबेठ गयेओर बस चलनेलगी राजनओर अजयआगे डड्ढाइवरके पास बेठे थें फीर मे अंदर आगया तोँ सभीसीट फुल थि तौ सभी मुजे अपनेपास बुलाने लगे
सोनुओर अंजु मुजे इनकेपास बेठनेको कहेरहे थें तभी धाराओर नेनु मुजे अपनेपास बेठाना चाहती थि तौ मे दिवु केँ पास जाकेबेठ गय़ा तोँ सबनेमुह बनालीया इस पऱ हम् हसनेलगे तौ दिवुओर जसु बेठीथी मे वहांबेठ गय़ा तोँ दोनो नें हसकर मुजेजगा देदी तौ देखकर ताराभाभी खुस होगइ
तौ इसने इसारेसे मुजे अपनेपास बुलाया तोँ मे जाके सीधे उनकी गोदमें बेठ गय़ा तोँ सभी हसनेलगे तौ भाभी केँ पांव दुखने लगे तोँ मुजेधका मारके खडा करदीया फीर मेरी पीठमें मुका मारदीया तौ वापस दिवु मे पासबेठ गय़ा हम् अेसेही मस्ती करते राजकोट फेक्टरी पऱ पहोंच गये जोँ फेमस इन्डस्टड्ढीज अेरीया मे थि
तकरीबन २५ अेकर मे थि पापाने इसे बहोत पहेले खरीदकर रखाथा जब यहां इन्डस्टड्ढीज भि नहीं थि अंदर मे पहेली बारआया थां तोँ मे देखकर दंगरहे गय़ा हमारी फेक्टरीसे कइ गुना ज़्यादा थि अंदर कोर्पोरेट खोफीस कि पुरीअेक बील्डींग हि अलग थि फीर साइड मे अेकदस रुमका लकजरी गेस्ट हाउस थां ओर सामने बहोत हि वीसाल फेक्टरी कां बील्डींग थां मेइनगेट पर्र दोनोतरफ अलग सीक्युरीटी खोफीस थां जौ अंदरआने जाने वालोके लीये पहेचान ओर कोन्टेक्ट नंबर लीखकर अेन्टड्ढी अेक्सीट करवाता थां मे सकदेख रहाथा तोँ दिव्या ओर धारा मेरेपास आइओरकहा
धारा : क्यु जानु केसीहे हमारी फेक्टरी आप् पहेलीबार हि आये हेनां इधर
दिव्या : क्याँ.जीजु आप् पहेले कभी नहींआये इधर? मेंतो हेरान हुं
मे : नहीं दिवुयह सभी पापाने हि कीयाहे मे बीजनेसमें अभि अभि आयाहुं
दिव्या : लगता तोँ नहींहे, आप् बीजनेसमें नये हौ जीस तराह आपने जयपुरकी फेक्टरी ओर हमारी होटेलकी डील कि तोँ मे माननेको सजधजकर नहींहुं आप् नये होँ
धारा : दिवुराज बीलकुल ठीककेह रहेहे लगताहे घऱ जाकर पहेले मुजे इनकी सारी फेक्टरीयोकी जानकारी देनी पडेगी तभी इनकोपता चलेगा अभि तोँ अहेमदाबादकी फेक्टरी देखी हि नहीं देखकर बीलकुल पागल हौ जायेगे
दिव्या : पर्र मेने सुनाहे कि रहेनेके लीये राजकोट बेस्ट हे
मे : हां दिवु हम् यही बंगलो बनायेगे हमारा डड्ढीम हाउस
दिव्या : (हसकर) आपतो राजाहे आपकोतो इधर महेल बनाना चाहीये
हम् हसनेलगे तभीअजय आकरहमे बुला गय़ा ओर हम् गेस्ट हाउसकी ओर जानेलगे अंदर जाके देखा तौ सभीरुम लकजरी ओरबडे थें अंदरसभी रुम मे सभी सुवीधाथी सबमें टेबल खुरशीया सोफेबेड सभीचीज थि सभीलोग रुम मे दोदोतीन तीन करके अेडजेस्ट होँ गयेओर सभी फ्रेस होनेचले गये
तभीदो पंडीतजी आगयेओर साथमें अंजुकी फेमीलीभी थि तोँ अंजु दोडकर सबकोगले मीलीफीर मे नेनु धारा सोनु अंजुके माता पीता केँ पांव छुअे तोँ दोनो नें खुसी खुसी सबको आशीर्वाद दीयातब काजलओर महेशआके मुजेगले लगगये ओर मेरी आंखोमें देखकर कहा
काजल : जीजु आखीर आप् आहीगये आपने बहोत वेइट करवाया मुजे
मे : अरे काजु जीछोटा मतकरअब तोँ दोदीन हम् यही रुकने वालेहे ओर तेरी अंजुदी तेरेघऱ रुकने वालीहे
महेश : तौ जीजु आप् सब चलीयेना वहां बहोत जगाहहे पुर्खोका घऱहे तौ बडी स्थान हे
मे : नहीं महेशदो दीनहमे यहां बहोत काम हैं फीर आपके लीयेअेक सरप्राइज हे जौ तुजे पुजाके बाद बताउगा
काजल : महेश तुजेपता हे जीजु सरप्राइजके बादसाह हे सबको सरप्राइज बाटते फीरते हे
नेनु : (तभीआकर) केसे होँ महेशभैया आपतोगये तबसे वापस दीखेही नहीं
महेश : हां दिदी मे ठीकहुं माँ कहेती हे बहेन केँ घऱ बहोत नहीं जाते
मे : क्याँ दोस्त महेश कोनसा जमाने मे जीरहा हे उनकोपता भि नहीं चलेगा तुम् दोनो सुबहसे शाम आरामसे आजा सकते हौ
नेनु : हां भैया हम् काजल कों बहोत मीस करतेहे आपकी सासू माँ सें मीलेकी नहीं
महेश : बस अभि जारहे हेओर दिव्या बुआको भि मीलतेहेनां
फीरसभी गेस्टहाउसके नीचे बहोत बडा केन्टीन थां अंदर जाके देखातो बहोत बडा डाइनींग टेबल थां हम् सभी वहांआकर बेठगये तब हमारे लीयेचाइ नास्ता आगया तौ सबनें चाइ पीयातब नेनु सबके लीये सीर्फ चाइ लेकरआगइ फीर पंडीतजी नें सीर्फ दुध पीयाओर महेशको यजमानको भेजदो कहेकर चलेगये
सबनें चाइ नास्ता फीनीस कीयाओर सभी फेक्टरीकी ओर जानेलगे अंदरगये तोँ बहोत सारीअलग अलग मशीनरी थि अंदर जाते वक़्त अेक छोटासा मंदिर भि थां तोँ हम् वहांनमन करके अंदरचले गयेअजय ओर महेशनें बहोत अच्छा लन्तजाम कीया थां सभीचेर पऱ जाकेबेठ गये पुजाके जगह पर्र गदे बीछाये थें तोँ हम् वहीचले गये
ओर जाकेबेठ गये तोँ नेनु नें धारा कों फीर सोनुको बादमें अंजुओर फीर स्वयं बेठगइ हमारे पीछे दिवु काजलजसु कमलाबेठ गयेतभी सगुनओर उसका हसबन्ड आगये वोँ सबको मीलेफीर सगुनभी हमारे पीछेबेठ गइतभी आंटीहमे यंत्र देगइ तोँ पंडीतने अलग स्थापन करके उसपे रखदीया फीर पुजा आरंभ करदी
बीचबीच मे केटरींग वाले सबको कुछना कुछ खानां पीनादे रहे थें ओर हमारी पुजाफीर हवन कां कार्यक्रम ३.३० घंटे तक चलाफीर पुजाखतम हुइ तौ हम् उठगये हम् सभी पहेले पुजारीजी फीर मेरे सासू ससुरको पेर छुअेतभी काकाभी आगये
तोँ हम् उसको पांव छुअे आंटी ताराभाभी ओर काकीने मुजे पांव छुने नहीं दीये क्युकी सबको मे पेल चुकाथा आखीर हम् पांचो चेन्ज करनेचले गयेफीर चेन्ज करके वापस आगयेफीर मे जाके सगुनके हसबन्ड कामेश कों मीला तोँ वोँ मुजे बहोत गरम जोसीसे मीलाओर कहेने लगा
कामेश : अरेवाउ राजजी जैसा आपके बारेमें सुना थां उससे बहेतर नीकले आप्, सगुनतो आपकी तारीफ करते थकती हि नहीं थि तोँ मुजे भि आपसेजलन होनेलगी लेकीन वोँ ठीककहे रही थि
मे : अरे कामेशजी अेसाकुछ नहींहे वोँ तोँ मेरी भतीजीका प्रेम हे, आप् क्यु नहींआये हिमाचल हम् सभी नें वहां बहोत अेन्जोय कीया
कामेश : कास मे आपाता छुटीका प्रोबलेम थां पर्र आपकी वहां सादी होने वालीहे तब मे जरुर आउगा मेने अभीसे अेप्लीकेशन देदीया हेओर अबतो मे भुजसे इधर आगयाहुं
मे : स्योर मे तौ कहेता हुं घरकेसब मेम्बरको लेकर आजाओ वहांसभी अेरेन्ज होँ चुकाहे
कामेश : कोसीस करुगा लानेकी सीर्फ मम्मीही हेओरआज कल वोभीबडे भाइके संग रहेने चलीगइ हे, लेकीन हम् दोनोका तोँ पका हि हे
तभी राजन आगयाओर मुजसे कहेने लगा
राजन : भाइ दोनो पंडीत कों मेने ब्रह्मभोजन केँ लीये बीठा दीयाहे फीर आप् ओर दिदी उसको जोभी दक्सीणा हेदे दीजीयेगा फीर हम् सबकी तैयारी करतेहे
कहेके वोँ चला गय़ा तभी हमारे पास सगुन काजल दिव्या ओर साथमें धारा नेनु भि आगइ तोँ कामेशने नेनु केँ पाव छुअेफीर दिव्या केँ पाव छुअे सबने उसकीखबर पुछीओर हम् सभी बाते करनेलगे तब सगुनबार बार मुजे देखती रहेती थि फीर मे जाके मेरे सासू ससुरजी केँ पासबेठ गय़ा जौ वहां महेशओर अंजु बेठे थें तभी मेरी सासुमाने कहा
बा : बेटा आप् सभी दोदीन रुकने वालेहे तोँ हमारे घऱ पऱ भि आइअेसभी
मे : बा अभि तौ हम् बीजनेसके लीये रुकेहे ओरहां महेश तुजे कहाथाने तेरे लीये सरप्राइज हे तोँ सुन हम् सभीयही राजकोट सीफ्ट हौ रहेहे तौ सीटीओर हमारी फेक्टरी केँ बीचमें कोइ अेसी जगाह ढुंढले जौ हमे दोनोतरफ आने जाने मे आसानी रहे
महेश : जीजु आप् कीतनी बडी जगाह लेना चाहते हे मुजेकुछ बजेटभी बताये
मे : कमसेकम ५०० सें ६००० यार्ड तक चलेगा ओर बजेट कि कोइ चीन्ता नहींहे
महेश : क्याँ जीजु इतनीबडी जगाह, कोइ महेल बनवाना हे याँ कोइ फार्म हाउस बनवाना हे
मे : (हसकर)यही सोचले अब तेरी बहेनको छोटी जगाह मनपसंद नहींआती
अंजु : (हसकर मुजे मुका मारते) आप् मेरानाम क्यु लेँ रहेहे मेने थोडीकहा हे
बा : (हसकर)अरे वोँ मजाककर रहेहे, मेरे सामने मेरे जमाइ कों मत माराकर समजी
अंजु : (हसकर) क्याँ बा आप् भि, जमाइमील गय़ा तोँ बेटीको भुलगये
बा : अरे तुतो हमारी लाडली हे तुजे केसेभुल सकतेहे, देख तेरे बापुजी केसेखुस होकरहस रहेहे जब सें तुमील गइओर तुम्हारे यहांआकर आये तबसे हमारे घऱ मे रोनक हि आगइसभी मेरी काजलकी वजह सें हुआ
मे : बा आपकोपता हे आपकी बेटीने वहांअेक घरभी खरीद लीयाहे अपने पैसोसे वोँ कोलेजमें प्राफेसर थि ओर मे उनका स्टुडन्ट थां
बा : (हसकर)हां सभीपता हे मेरी नेनु बीटीयाने मुजेसभी बता दीयाहे उधर
तभी काजलभी आके हमारे पासबेठ गइ तौ बाने उसकेसर पऱ हाथ रखातो अंजुने कहा
अंजु : बा मुजे तोँ कभी अेसा प्रेम नहीं दीया
तभी आंटीओर ताराभाभी फीर काकी वहांआगइ तौ आंटीने सुनकर कहा
आंटी : अबतु मेरी बेटी हे तौ हम् तुजे प्रेम देगे समजीआजा मेरी बच्ची
कहेके आंटीने अंजुको अपने सीनेसे लगा लीयायह देखकर बा कि आंखनम होगइ तौ काजलने अपने रुमालसे उसके आंसु पोछे तोँ ताराभाभी कहेने लगी
तारा : समधनजी भुल जाइअे सभी, अब तौ आपके जीवनमें खुसीयाही खुसीया हे हमारे राजाजी नें बाबासे बात करकेसभी अेरेन्ज करदीया हे आपको वहांसे आनेके बाद खुसखबरी मीलने वालीहे क्यु देवरजी
तब काजल सरमागइ ओर नीचेमुह करके मुस्कराने लगीओर यह सुनके बाओर महेशभी खुस होनेलगे तब ताराभाभी मेरीओर देखकर मुस्कराने लगी
बा : लगताहे भगवानने हमारे घरकीओर देखाहे अेकके बादअेक खुसीया भेजरहा हे
आंटी : (बाकाहाथ पकडते) समधनजी उसके घरमें देरहे अंधेर नहींअब आपके दीनभी बदलने वालेहे हम् सबकेबदल गयेहे जबसेहमे हमारे बेटेने अपनाया हेओर आपतो इनके सासू ससुरजी हे इसकी कीस्मतही अेसीहे जीसके संपर्कमें आताहे उसकेआधा दुख तोँ वहीचला जाताहे उसको बाबाका बहोत बडा आशीर्वाह हे
बा : मे तौ धन्य होगइ अेसा दामाद पाकर
मे : (हसकर)बा अेसाकुछ नहींहे आंटी खामखा मुजे चनेके जाड पर्र चडारही हे
आंटी : (हसकर मेराकान पकडके) अच्छा मे तुजे चनेके जाड पऱ चडारही हुं तौ पुछले तेरीइस पत्नि कों वोँ जुठकभी नहीं बोलती क्यु अंजु
अंजु : हांबा आंटीसही कहेरही हे हमारे पती बीलकुल अेसे हि हे
मे : (खडे होकर) तौ आप् लोगोने मुजे यहांसे भगानेका प्लान करलीया हे मे चला
कहेके मे वहांसे जानेलगा तोँ आंटी नें हसकर मुजे आवाज़ दि फीर भि मे वहांसे जाकर काका केँ पासबेठ गय़ा ओरकहा
काका : तोँ बेटा देखलीया सभी, आपके पापाने केसा बनाया हे
मे : काका मुजे पहेले मालुम होता कि यहा सबकुछ हे तौ हम् पहेलेही यहां आजाते
काका : मे तौ कहेता हुं हमारे यहांहे सभी नीकालकर आप् यहां हि आजाओ
मे : नहीं काका वोँ घऱओर फेक्टरी पापाकी पहेली नीसानी हे मे दोनोकभी नहीं बेचुगा ओरहां हम् सभी यहां सीफ्ट हौ रहेहे ओर आपभी
काका : यह तौ बहुतही अच्छा हे पर्र हम् क्यु?
मे : काकाअब हम् यही कोर्पोरेट ओफीस बनायेगे ओर आप् सभी यहीसे हेंन्डल करेगे
काका : तबतो तुमने अहेमदाबादकी फेक्टरी देखी हि नहींहे वोतो इनसे भि बडीहे
मे : भीरभी काका हम् तौ यही रहेगे राजकोट मे बडी सांती हे इतनासोर बकोरभी नहींहे
काका : हां येबात हे वहां गर्मीभी बहोत अधिक रहेती हे रातमें भि आप् अेसीके बगैरसो नहीं पातेओर इधर तोँ शाम होतेही वातावरणमें ठंडक होजाती हेओर रातमें तौ घुमनेका अलगही आनंदहे
मे : मे यहा बहोत बडी जगाह लेँ रहाहुं आपकाघऱ भि अंदर बनवा लुगा
काका : बेटा इसकीकोइ जरुरत नहींहे मे वोँ घऱबेच दुगाओर इधरअेक छोटासा घर-मकान लेलुगा
मे : बेसक वोँ बेच दीजीये पर्र रहेगे हमारे संग हि समजेयह फुल अेन्ड फाइनल हे आप् वहां फेक्टरी चलानेके लीयेकोइ मेनेजर याँ मीस्त्री जौ भि रखना चाहे रखकरउसे सोंप दीजीये
काका : जेसे तुक्हारी मर्जी, वोँ सबतो मे देखलुगा अंजुओर धारा बीटीयासे बात करके अेरेन्ज करलुगा तुम् टेन्सन मत लेना आप् सीर्फ अपना होटेलके बीजनेस केँ बारे मे सोचो वोँ भि बहोत बडा कारोबार हे
मे : वोँ सभी तोँ होँ गय़ा राजनओर कमला१५ दीनमें वही सेटल हौ रहेहे ओरसभी वोँ दोनो सम्हाल लेगे हम् तोँ फ्रि हि हे
काका : बेटा यह बहोत अच्छा कीया आपका दीमागभी आपके बापू जेसा चलनेलगा हे
तभी राजन मुजे बुलाने आया तोँ मेने नेनु धारा अंजुओर सोनु कों संगआने कों कहाफीर हम् पांचो चलेगये ओर पंडीतजी कों दक्सीणाये दि ओर सबने उसकेपेर छुअे तोँ हम् सबको आशीर्वाद देकर वोँ दोनो नीकइगये तभी राजन सबको बुलाके लायाओर सभी लंचके लीये आगये
तोँ मेने अजयसे कहेकर पांचडीस सजधजकर करके फेक्टरीमें पहोचानेको कहाओर मे उधर जानेलगा तौ ताराभाभी काकीओर आंटी बहार नीकल रहीथी तोँ मेने तीनोको रोककर मेरे सासू ससुरजी केँ संग बेठने कों कहाओर पांचोका खानेका इन्तजाम वही करदीया तौ पांचो खुस हौ गयेओर मे केन्टीनकी ओर जानेलगा तोँ राजनओर महेश पांचडीस लेकर मुजे सामने मीलेतो मेने अंदरकी तरफ इसारा कीया
ओर केन्टीनमें चला गय़ा तोँ सभीबडे डाइनींग पर्र बेठे थें सीर्फ हम् पांचपती पत्नि ओर दिव्या जसु कमला सीमा हि रुके थें तौ सबनेकहा बहोत जगाह बाकीहे आपभीबेठ जाओतभी राजनओर महेश भि आगयेओर हमे जबरदस्तीसे बीठादीया तभी केटरींग वाले परोसने लगेओर हम् सभी खानेलगे
अजय : भाइ हम् तीनो बादमें खालेगे वहांउन पांचोका भि खयाल रखनाहे तोँ आप् टेन्सन मतलोओर आहिस्ता खालो
फीर हम् सबने दोपहर का खाना फीनस कीयाओर सभी फेक्टरीकी ओरचलपडे हम् भि सभी केँ संग जाकेबेठ गयेतभी कामेश ओर सगुन मेरेपास आकरबेठ गये तौ कामेशने कहा
कामेश : चाचु फेक्टरीतो बहोत बढीया हे आपकी कीतनी फेक्टरीया हे?
मे : (हसकर)सच कहु., मुजे नहींपता यहांभी मे पहेलीबार हि आयाहुं वोँ सभी मेरी पत्नि धाराओर हमारे काका कों हि पताहे, यहसभी अेम्पायर पापानेही खडा कीयाहे
कामेश : (सगुनओर कामेश हसनेलगे) कमालहे लोग पहेले छोटामोटा धंधा करताहे फीर बडेकी सोचते हे, ओर आपने तौ आतेही चोकेछके मारना सुरु करदीया आपतो होटेलके बीजनेसमें भि जारहे होँ बहोत अच्छा हे
सगुन : चाचुयह सभी छोडो आप् सभी हमारे घऱकब आँ रहे होँ मेरीसभी चाचीओको लेकर
मे : सगुनतु चीन्ता मतकर हम् सभी जल्द हि यहां सीफ्ट होने वालेहे फीर तौ हमारा आनां जानां लगा रहेगा
सगुन : (खुस होकर) सच.सचकेह रहे होँ? चाचुतब तौ मज़ा आजायेगा
मे : हां तेरेबडे जीजाजी कों केह दीयाहे जगाह ढुंढने कों वोँ जल्दही कुछ अेरेन्ज करने वालाहे अभि तक हमारे ससुरजी केँ घरभी नहींगये वहां भि जानां हे
कामेश : तौ हम् उसकेपास वाली सोसायटीमें हि रहेते हेसभी आजाओ
मे : ठीकहे तौ आजायेगे उधरभी, वेसे कोनसी बेंक मे होँ आप्
कामेश : मे अेस.बी.आइ। मे हुं ब्रान्च मेनेजर कि पोस्ट पऱ
मे : ग्रेट अच्छा हे
तभीअजय राजनओर महेश सबके लीये आइसक्रिम लेकरआया ओर सबको देनेलगे तभी काजलजसु ओर दिव्या भि हमारे पासआके बेठगइ ओर हम् आइसक्रिम खानेलये तब काजलने कहा
काजल : जीजुसभी लेडीस हमारे घऱ आँ रहीहे हम् उसे लेकर जातेहे
मे : मे ठीकहे लेकीन कल मुजे दिवु अंजुओर धारा कि जरुरत पडेगी वोँ डेलीगेशन आरहाहे
काजल : तौ वोँ तीनो कों मे आप् मोबाइल करनाभेज दुगी मे तोँ कहेती हु आप् सीर्फ तीनचार जेन्ट्स हि हे तोँ आप् भि आजाओ हमारे वहां बहोत जगाहहे
मे : चल देखता हुंहमे कामेश केँ घऱ भि जानां हे तोँ हम् दोपहर तक सभी नीपटाके इधर आजायेगे ओर हम् बस लेकरही आयेहे तोँ सभी उसीमें आजायेगे ओके
फीरसभी लोग धीरे-धीरे धीरे-धीरे करके जानेलगे तब राजनओर महेश आगयेओर कहा
राजन : भाइइधर सभी कंपलीट हौ गय़ा हेअब क्याँ करनाहे?
मे : राजनकल दोपहर तक डेंलीगेशन आजायेगा तौ उसे अच्छी तराहसे होटेल मे पहोचा देना आप् अजयओर महेश कों भि संग लेकर जानां आज हम् महेश केँ घऱजारहे हे
महेश : जीजु मे ओर राजनजा रहेहे घऱ मे सभी अेरेन्ज करके रखतेहे आप् सभी आरामसे आजाइअे काजल आपकेसंग हि आँ रहीहे ओर अजयनें हमारा घऱ देखाहे तौ वोँ डड्ढाइवरको मार्ग दीखायेगा
मे : ठीकहे पर्र आहिस्ता जानां इधर टड्ढाफीक बहोत हे दोस्त
फीर वोँ दोनोचले गयेतभी काका भि आगयेओर मुजे वापस अहेमदाबाद जाने कि बात करनेलगे कि अभि उधरदो दीन कां काम बाकीहे फीर मे अजय कों बुला लुगासभी मशीनचेक करले कहेके वोँ राजनओर महेश केँ संगचले गयेतभी कामेश ओर सगुन भि उठगये ओरहमे अेकबार फीरघऱ आनेको कहेकर नीकलगये फीर हम् सभीबचे तोँ सभी मेरेपास आकरबेठ गये
तबअजय सबका सामान लेकर आगयेओर सभी अच्छी तराहसे लोक करकेहमे जाने केँ लीयेकहा तौ हम् सभी बसमें बेठगये ओर हम् अंजुके माता पीता केँ घऱ आगये तोँ हमारे सासू ससुरजी भि संग थें देखातो उसकाघऱ अेकबडी हवेली जेसा थां उसमें बहोत सारे कमरे थें जौ उसनेसभी पहेलेसे हि साफ सफाइ करकेरखा थां तभी काजल हाथमें पानी कां लोटा लेकरआइ ओर अंजु केँ उपर घुमाने लगीफीर उसने अंजु कों घरमें प्रवेस करवाया
तौ पीछे हम् सभी आगये घरतो बहोत बडाथा पुर्खोका जोथा पर्र महेश कि आमदानी उतनी नहीं थि जौ इसे मेइनटेन करशके फीर भि उनकादील बहोत बडाथा जोँ सबको यहां रहेने कों आग्रह कररहा थां तभी अंजु सबको अंदरघऱ दीखाने लेगइतब ताराभाभी मेरेपास आकरबेठ गइओर मुजसे बात करनेलगी
तारा : राज आपने मेरी बहोत अच्छेसे खातीरदारी कि आपका धन्यवाद अब मे यहांसे सीधी अहेमदाबाद चली जाउगी मेने हम् दोनोकी तस्वीरवाली लोकेटभी पहेनली हे
मे : (हसके धीमेसे) तारा मेने अभि कहा अच्छेसे तेरी खातेरदारीकी अभीतो बाकीहे भाग दोडमें समय हि नहीं मीला तोँ सोरी, ओर लोकेटका भ्यान रखना कीसीके हाथमें नां आजाये
तारा : तौ कोइबात नहीं आप् हमारे घरतोआही रहेहे वरना हम् सभी तौ हिमाचलमें हे हि आप् वहाकसर पुरी करलेना अबतो मेभी आपको छोडने वाली नहींहुं इसे सम्हालके रखुगी
मे : मतजाओ तारादो दीनरुक जाइओफीर हम् सबकेसंग हि नीकल जानां
तारा : ठीकहे आप् इतने प्यारसे केहरहे हे तौ रुक जातीहुं समज गयेनां
मे : (खुस होकर)जी समज गय़ा आप् ओर आंटी कों तोँ फेक्टरीके गेस्टहाउसमें हि रुक जानां चाहीये थां खामखा इधरआगइ
तारा : (कामुक आवाजमें) तोँ आपको पहेले केहना चहीयेना हम् जरुररुक जातेकोइ बात नहीं हमेंओर कोइ मोका मीलजायेगा वेसे आपसेअेक बात कहेनी थि
मे : हांहां बोलोनां क्याँ बातहे
तारा : आपके भाइका मोबाइल आयाथा हमारी जोँ बात हुइथी इसके कारण सारीका डिवोर्स लें रहीहे वोँ तोँ बहोत खुसहे ओर आपका शुक्रियाभी अदा कीयाहे ओर हमारी दिवुकी भि बात उसने कि हम् हिमाचल जाके आप् दोनोकी सादीबडी धुमधामसे करना चाहते हे
मे : (हसकर)चलो अच्छा हुआअब आप् तीनोकी जींदगी केसेसवर जायेगी देखनां
तारा : बसअब जल्दीसे आप् काजललता ओर सगुन कां कल्याण करदे
मे : बस तारा सीर्फ अेक महीना रुकीजा फीरसभी ठीक होँ जायेगा हमे सीर्फ वहां जानेकी देरहे जेसे हम् वहां पहोंचे सभी होँ जायेगा
तारा : राजअब आपके बगैर रहेना मुस्कील लगताहे मे ओर मीराभाभी यहां लास्ट वाले कमरे मे हेसमय मीलेतो आजाइयेगा
मे : क्याँ ताराअगर हमे कीसीने देखलीया तौ कबाडा हौ जायेगा जरासबर करले
तभी मेरी सासुमा हमारे पासआकर बेठगइ ओर कहेने लगी
बा : देवरु भाभी क्याँ बातकर रहे हौ
मे : कुछ नहींबा भाभी अभि अहेमदाबाद जानेकी बातकर रहीहे तोँ मे उसेदो दीनबाद जानेका केहरहा हुं
बा : हां तोँ इसकोकोन जाने देगाइसे अभि यहांकुछ दीनओर रोक देगे
तारा : (हसकर)अरे दोदीन बहोत हे समधनजी मुजे भि वहांकुछ काम नीपटाना हे
तभीसभी घऱ देखकर वापस होलमें आगयेओर सभीबेठ गयेतभी अंजुआइ ओर मुजेहाथ पकडकर लेगइफीर मुजेसभी दीखाने लगीफीर मुजेअेक कमरेमे लें गइओर दरवाजा बंध करके मुजसे लीपटगइ फीर मुजे पागलोकी तराह चुमने लगीफीर मुजसे अलग होकरकहा
अंजु : जानु हम् सभी यहां सोयेगे मे अभि दोबेड साथमें लगवा देतीहुं
मे : रहेने दो अंजु यहां इसकीकोइ जरुरत नहींहे हम् अेडजेस्ट कर लेगे
अंजु : (हसकर) जरुरत क्यु नहींहे आपको नहीं पर्र हमे तोँ हेअब तौ आदतपड गइहे हम् आपके बीना नहींसो सकतीहां इधर आप् हमारी चीखेमत नीकलवाना वरनासभी दोडके आजायेगे (कहेकर हसनेलगी)
तभी दरवाजा खटखटा तोँ अंजु नें दरवाजा खोलदीया तोँ नेनुओर दिवु थि दोनो अंदरआगइ तौ नेनु हसकर कहेने लगी
नेनु : क्याँ आप् दोनोइधर सुरु होँ गये ध्यान रखनासभी बहारहे
दिव्या : जीजुकभी हमारी दिदी कि बातमान लीयाकरो, थोडा कंटड्ढोल करलो
मे : चुपकर बंदरीया जब तेरी बारी आयेगीनां तबयह भासण देना
दिव्या : (सरमाके) क्याँ जीजु आपभी कुछभी बोलते हे
कहेके वोँ बहार दोडके भागगइ तोहम तीनो हसनेलगे तब नेनुभी मुजसे लीपटकर कीस करनेलगी फीर हम् अलग होगये ओर बहारआके सबकेसंग बेठगये तोँ दिवु मुजे देखकर सरमाके हसेजा रही थि ओर मुजसे नजरे चुराने लगती थि तभी राजनओर महेश सबके लीये नास्ता लेकर आगया तोँ अंदरसे सोनु कमलाओर काजलचाइ लेकरआगइ सभी नें चाइ नास्ता कीयाफीर धारा अंजुओर दिव्या मीलकर मीटींग कि पुरी तैयारीया करनेलगी तभी सुनीलजीका मोबाइल आगया तौ मे उसेबात करनेलगा
मे : हां बडेभैया केसे हौ आप्
सुनील : भाइ मेंतो ठीकहुं सुनाहे कल डेलीगेशन आँ रहाहे डील फाइनल करने
मे : जीभाइ इसीलीये हम् सभीआज राजकोट फेक्टरीमें आयेहे हमे पुजा भि करनी थि ओरकलसभी आँ रहेहे तौ फाइनल कर देगे
सुनील : इसीलीये मोबाइल कीयाहे आपकोकोइ अनुभव हे पहेले कभी अेसा कीयाहे?
मे : नहींभाइ दिव्या ओर धाराहे तोँ थोडी आसानी रहेगी वोँ सभी तैयारीया कररही हे
सुनील : पताहे दिवुका हि अभि मोबाइल आयाथा इसीलीये आपको मोबाइल कीया, अेक कामकरो मे अभि नीकलता हुं हम् कल सुभह आपसमें चर्चा कर लेगेअगर आपको अेतराज नाँ होतो, मे संग रहुगा तोँ आसानी रहेगी उसको हेन्डल करने मे
मे : मुजे क्याँ अेतराज हौ सकताहे आप् तौ हमारे बडेभाइ होँ ओर येतो खुसी कि बातहे आप् आजाइअे फटाफट हम् अभि आपके समधीजी केँ यहां रुकेहे
सुनील : (हसकर) मेरे ससुरजी नहींकेह सकते थें? ठीकहे मे अभि अेक घंटेमें यहांसे गाडी लेकर नीकलता हुओर रीटर्न मे आपकी भाभी कों भि संग लेजाना हेओके
फीर उसने मोबाइल काट दीयाओर दिवु केँ पासचला गय़ा जौ वहां तीनो मीलकर महेश केँ पी.सि। पऱ कामकर रही थि तोँ मुजे देखकर दिवु कहेने लगी
दिव्या : जीजुअब आप् अेक लेपटोप लेलो
मे : पहेले हमारे ओफीस मे कुछ देखाहे वहां हेकी नहीं
अंजु : हां हमनेसभी देखलीया हेयहा हमे सबकुछ नया लेना पडेगा
मे : ठीकहे मे अभि जाके लेकेआता हुं पांच लेपटोप लेलुओर तीन प्रीन्टर
दिवु : आमदानी अठनीओर खर्चा रुपैया, कोइ जरुरत नहींहे अभि सीर्फ दो लेपटोप ओरअेक हि प्रीन्टर चाहीये समजे
मे : जी साहीबा, डांट तोँ अेसेरही हे जेसे मेरी पत्नि होँ
इतनाकहा तोँ सभी हसनेलगी तोँ दिवुने सरमाके हसदीया ओर मुजे मुकामार दीयाफीर मे वहांसे चला गय़ा ओर बहार महेश केँ पास जाकेकहा
मे : महेशचल मेरेसंग कुछ सामान लेनाहे लेपटोप ओर प्रीन्टर
महेश : हांचलो जीजु मेरा फे्रन्ड हि बेचता हे हम् वही चलतेहे
फीर मे ओर महेस बाइक लेकर सीटी मे आयेफीर हमनेसभी खरीद लीयाओर महेशसभी लेकर रीक्सामें बेठ गय़ा ओर हम् वापसघऱ आगयेओर सभी लेकर मे वोँ तीनो केँ पासचला गय़ा तौ तीनो देखकर खुस हौ गइ तोँ मेने दिवु कों थेन्कस कहा तोँ उसनेकहा
दिव्या : अब मेने क्याँ कीया जीजु जौ मुजे आप् थेन्कस केहरहे हे
मे : सुनीलभैया अभि अहेमदाबादसे नीकलरहे हे तुनेबात कीथीनां उसे इसीलीये
दिव्या : व्होट। बापू आँ रहेहे, तोँ जीजु समजो आपकाडील कलपका फाइनल होकर हि रहेगा आप् उसेसभी समजा देना कीतने मे फाइनल करनीहे वगेरे ओके, अभि नीकलेगे तौ रात१० बजे तक आजायेगे तब तक हम् भि सभी पेपर सजधजकर करके रखतेहे
तभी काजल मुजे बुलाने आगइ तोँ मे उसकेसंग जानेलगा फीर वोँ सभीकाम करनेलगी मे काजल केँ पीछेजा रहा थां तोँ मुजे वोँ अेकरुम मे लें गइओर उसने दरवाजा बंध करलीया ओरआके मुजसे लीपटगइ ओर कहेने लगी
काजल : जीजु आपने बहोत तडपाया हे मुजे आप् अपना वादाभुल तोँ नहींगये
मे : नहीं काजु हम् सभी हिमाचल जाके वोँ काम करेगे ओके मे कुछ नहीं भुला
फीर काजलने मेरे होंठ चुमलीये फीर हम् दोनो वापस जल्दी बहार आगयेफीर मे होलमें जाकेबेठ गय़ा फीररात कों सबनें डीनर कीयाफीर थोडीदेर बेठके मे बहारआया तोँ राजन महेशओर अजय बेठे थें फीर हम् चारो लटार मारने नीकलगये जब वापसआये तब सुनीलभैया आँ चुके थें वोँ मुजेगले मीलेफीर हमने थोडीबात चीत कि ओर हम् कल फेक्टरी जायेगे कहेकर सोनेचले गयेफीर सभी सोने जानेलगे तभी अंजु मुजे लेकरअेक रुम लेगइ तोँ वहांदो बेड जोडकर अेकबडा बेड थां मेरीसभी बीवीया उधर हि लेटी थि फीर मे सबकेसंग अेकअेक राउन्ड लगाके सो गय़ा
कन्टीन्यु.
my new kahani yeh kesi ehasaas (Full Storyd) - Aage kya hua? Next part padhiye
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