❤️🔥❤️🔥बेटे केँ बच्चे कि मम्मी बनी पार्ट 2❤️🔥❤️🔥 – New Episode
Note - bhay logo एक bhay कई दिन से comment krr raha h की kahani padhte waqt Add बहुत आते h yeh problem बहुत से bhaiyo ko chehra karni pad rahi h। Jitne bi bhay chrome Use karte h unko yeh problem chehra karni pad rahi h.
me ap logo ko दो Browser bata raha ho joo bi ap ko accha lage ap use krr sakte h.
(1) Internet browser
(2) Brave browser.
Dono ap play Store पर h। Bilkul free। ap ko joo aacha Lage in dono mai Use krr sakte h.
kahani ko payar dene के liye aabhar bhay logo
Haaye rey, kya likhta h re bhay tu, majaa aa rah h yrr ayese hi likhte rha yrr. bhut sukun bhari story h, dono ko milaane mai zara si bi jaladbaji nahee krna plz.
bhay logo urgently muze kisi ko le krr hospital aana pada . Isi karn mai update bada de nahee paaya . Agar waqt say free hu jaaunga too aj saam tak ek aur update dene kee kosish karunga . Sorry yaaro
❤️🔥❤️🔥बेटे केँ बच्चे कि मम्मी बनी पार्ट 2❤️🔥❤️🔥 – New Episode
Update 07
सिला जल्दउठ करघऱ कां मोटा मोटा साराकाम निपटा लेती हैं, उसकेबात राजू कों उठनेछत पऱ जाती हैं। सिलाजब राजू कों सोतेहुए देखती हैं तौ उसे राजू पर्र बहोत प्रेम आता हैं। सिला राजू केँ बालों मे हाथ फेरते हुए
सिला - उठजा बेटा
राजू -(नींद मे ) सोनेदो नाँ मा
सिला - उठजालला देख सूरजसर पऱ आने कों हैं।
मगर राजूकोई जवाब नहि देता सोया रहता हैं।
सिला - उठजा राजूआज तुम्हे कर्ज केँ पैसे चुकाने भि जानां हैं बाद मे काम पऱ भि तौ जान हैं उठजालला।
राजूउठ जाता हैं ओरजब अपनी आंखे खोलता हैं तोँ सिला कां हसीन चेहरा दिखाई देता हैं। राजू केँ आंखों केँ आगेकल रात वालासीन चलने लगता हैं। राजू बिनापलक झपके सिला कों देखता रहता हैं। सिला भि राजू कों देखती रहती हैं।
सिला - अब देख्ना होँ गय़ा हौ तोँ उठजाओर नहा लें मे तेरेलिए गरमचाय बनतीहु।
राजू -( मुस्कराकर ) - मे जब भि सबसे पहले आप् कां हसीन चेहरा देखता हु तौ मेरा सारादिन अच्छा जाता हैं। इसलिये मे आप् कों देखरहा थां। ओर वैसे भि आज आप् बहोत सुंदर लगरही हौ
सिला कों तारीफ अच्छी लगती हैं।
सिला-(हंस कर ) अच्छा ऐसेबात हैं तभी तुँ मेरे उठाने सें पहले नहि उठता हैं।
राजू - हा।
सिला - चलअबउठ जाअब तोँ तुमने मेरा चेहरा भि देख लिया।
राजू - नहि पहले मुझे आप् सें कुछ चाहिए
सिला - (हैरानी सें ) मुझ सें क्याँ चाहिए तुझेही। मेरेपास जोँ भि हैं सभी तेरा हि तोँ हैं। राजू - नहि वोँ मुझेपता हैं। मगर एक् चीज हैं तोँ मात्र आप् हि मुझेदे सकते होँ। ओर वादाकरो कों आप् मुझे वोँ चीज दोगे नहि तोँ फिन जाने तोँ।
सिला(मन मे) - मेरेपास ऐसी कौनसी चीज हैं। मगर राजू नें मुझ सें पहलीबार कुछ मांगा हैं मे उसेमना नहि कर सकती।
सिला - ठीक हैं। वादा मे तुम्हे वोँ चीज दूंगी बोल क्याँ चाहिए।
राजू बिना बोले सिला कों एकटक देखने लगता हैं।
सिला - बोल नां क्याँ चाहिए।
राजू - नहि अभि नहि जबमन होगातब मांग लूंगा।
सिला-(सिर पकड़कर ) ठीक हैं जबमन होँ मांग लेनामगर अब तोँ उठजा तुम्हारी तरफलेट नहि होँ रहा क्याँ।
राजू जल्द सें उठता हैं फ्रेश होँ कर नहाने चला जाता हैं।
सिला राजू केँ जाने केँ बाद राजू कां बैड नीचे लें करआती हैं ओर राजू केँ लिएगरम चाय बनाने लगती हैं।
सिला-(मन मे) ऐसी क्याँ चीज हैं मेरेपास जिसके बारे मे राजू कों पता हैं ओर मुझे नहि।
राजूनहा कर आँ जाता हैं ओर सिलाउसे गरमचाय कां कप देती हैं।
सिला - यह लें गरमचाय पी
राजूगरम चाय पीने लगता हैं ओर सिला राजू केँ पास हि बैठ जाती हैं।
राजू - मा मे कर्ज केँ पैसेदे करआता हुतब तक आप् मेरा टिफिन रेडीकर दो
सिला - ठीक हैं मगर क्याँ इतने पैसे हैं कि सारा कर्जचुक जाएगा।
राजू - नहि इतने पैसे तौ नहि हैं मगर इसकेबाद हमे केवल 25000 हजारओर देने हैं जौ मे अगले महीने दे दूंगा। उसकेबाद हमारा सारा कर्जचुक जाएगा।
सिलायह सुनकर खुश होँ जाती हैं सिला कों हमेशा कर्ज कि चिंता रहती थि केँ कर्ज केसे चुकाएंगे। बाप तोँ एक् रुपया कमाता नहि हैं ओर भइयाघऱ छोड़कर चला गय़ा हैं
राजूजब अपनी माँ केँ चेहरे पऱ खुशी देखता हैं तौ उसे पड़ाचैन मिलता हैं।
राजू - मा आप् ऐसे हि हमेशा खुशरहा करो
सिला - यह खुशी मेरे राजा केँ कारण हैं अगर वोँ मुझेखुश रखेगा तोँ मे खुश क्यूं नां हूं।
राजू - ऐसीबात हैं तोँ मे आज सें अपनी रानी कों हमेशा खुश रखूंगा। आज सें आप् हमेशा खुश रहेंगी। यह आपके राजा कां वादा हैं।
दोनोमा बेटे हंसने लगते हैं। ऐसे हि मस्ती मजाक करते राजूसेठ केँ पैसे देनेचला जाता हैं ओर सिला राजू कां टिफिन रेडी करने मे लग जाती हैं
राजू सीधासेठ केँ घऱ केँ बाहर् आँ जाता हैं ओरसेठ कों आवाज़ लगता हैं।
सेठ - अरेकौन हैं भइया सुभह सुभह।
सेठ घऱ सें बाहर् आँ कर राजू कों देखता हैं।
सेठ - अरे राजू तूँ। क्याँ बात हैं ओर पैसे चाहिए क्याँ। देख राजू तेरा पहले कां भि बहोत रुपया बाकी हैं। पहले वोँ चुका उसकेबाद नए पैसे केँ बात करना।
राजू कों सेठ कि बातसुन कर क्रोध तौ बहोत आता हैं मगर अपने आप् कों शांत रखता हैं।
राजू - (कड़क आवाज़ मे) सेठ मे पैसे देने हि आयाहु बोल कितना रुपया निकलता हैं मेरा
सेठ-(मन मे ) आज सीधा हि पूछरहा हैं कितने पैसे हैं लगता हैं नरमी सें बात करनी पड़ेगी।
सेठ - अरे राजू तुँ तोँ क्रोध होँ गय़ा आँ नां बैठकर बात करते हैं।
राजू - मेरेपास बैठने कां समय नहि हैं तूँ पैसेबोल।
सेठ अपनाबही खाता खोलता हैं
सेठ - राजू तेराअब तक कां मूलओर ब्याज मिलाकर केँ 60000 हज़ार बनाता हैं।
राजू - यह लें सेठ 35000 हजार हैं बाकी अगले महीने चुका दूंगा।
सेठ जल्द सें पैसे लेतेहुए - कोईबात नहि अगले महीने दे देना पैसे कान्हा हारहे हैं
राजू नें एक् संग इतने पैसेसेठ कों कभी नहि दिए थें। इसलिये सेठ नरमी सें बातकर रहा थां। राजूसेठ कों पैसेदे करघऱ आँ जता हैं
सिला - आँ गय़ा। यह लेँ तेरा टिफिन सजधजकर हैं
राजू - हामादे आया उसके पैसे। अब मुझेलेट होँ रहा हैं मे काम पर्र जारहा हु।
सिला - ठीक हैं। ध्यान सें जानां ओररात कों समय सें आँ जानां।
राजू - ठीक हैं मगर मुझे आप् सें कुछ चाहिए।
सिला - हाबोल नां क्याँ चाहिए
राजू - नहि ऐसे नहि पहले आप् बड़ाकरो कि आप् क्रोध नहि करोगी।
सिला हैरान होती हैं मगरफिन कुछसोच कर - ठीक वादा नहि करूंगी क्रोध। बोल क्याँ चाहिए
राजू जल्द सें किस करता हैं ओरभाग जाता हैं। रात कों मिलेंगे मा बाएं।
सिला हैरान खड़ी राजू कों जाते देखतलरी हैं। मगर अगलेहीं समयउसे हंसी आँ जाती।
यह चाहिए थां उसे बदमाद कही कां आनेदो रात कों खबर लेतीहु इसकी।
मगरकुछ भि हों राजू प्रेम बहोत करता हैं मुझसे। अगर राजू नहि होता तोँ मे तौ कब कां टूट चुकी होती। मगर राजू नें सभीकुछ संभाल लिया। अब तौ राजू हि मेरी जीवन हैं राजू केँ बिना मे जीने केँ बारे मे सोच भि नहि सकती।
इधर राजूओर पप्पू दोनों गैरिज पहुंच जाते हैं। सेठ राजू कां बेसब्री सें प्रतीक्षा कररहा थां।
राजूजा कर अपनेकाम पऱ लग जाता हैं।
सेठ राजू कों अपने दफ़्तर बुलाता हैं।
राजू - सेठजिन आपन बुलाया।
सेठ - हा राजू मैने तुम्हे कुछ बताने केँ लिए बुलाया हैं।
राजू - क्याँ सेठजी।
सेठ - राजू मैने तुम्हारा काम देखाओर मुझे इतना तौ पताचल चुका हैं कि तुम् गाड़ियों केँ मामले मे सभीकुछ जानते हौ। आज सें तुम्हें केवलउन दो गाड़ियों पर्र काम करना हैं ओर मे तुम्हे 1000 रुपए घंटे केँ हिसाब सें दूंगा ओर तुम्हारी सेलरी अगल सें
राजू - मगरसेठ जीयहसभी.
सेठ - मगर वेकिन कुछ नहि तुम् नहि जानते तुमने क्याँ किया हैं तुम् बसउनदो गाड़ियों कों नया जैसाबना दो।
राजू - ठीक हैं सेठजी
राजू अपनेकाम पऱ लग जाता हैं राजू पूरीजी जान सें कामकर रहा थां। राजू कों काम करते करते दोपहर होँ जाती हैं। पप्पू राजू कों खाने केँ लिए बुलाता हैं राजूओर पप्पू दोनों खानां खानेबैठ जाते हैं। राजू कों फिनवही खानां कहतेहुए सिला कि यादआती हि सेम सिला कों भि राजू कि यादआती हैं।
आज सिला कि आंखों मे आंसू आँ गए थें सिलाआज बहोत अकेला पान महसूस कररही थि।
पप्पू - कान्हा खो गय़ा। खानां खा नाँ।
राजू - दोस्त मुझेमा कि याद आँ रही हैं घऱ पऱ मे ओरमा हमेशा संगबैठ कर खानां खाते हैं।
पप्पू - दोस्त ऐसा हैं तोँ तोँ तूँ मोबाइल लेँ लें नां। ओर वैसे भि तेरेपास मोबाइल नहि हि तोँ जब तुँ मोबाइल लेँ तोँ एक् मोबाइल आंटी केँ लिए भि लेँ लेना। ओरजबदिल करे आंटी सें बातकर लेना।
पप्पू जानता थां कि राजू अपनी माँ सें कितना प्रेम करता हैं।
राजू - हा दोस्त यहसही हैं। मे मोबाइल लेने कि सोच हि रहा थां।
राजू केँ पास मोबाइल नहि थां। राजू केँ घऱ कि हालतऐसी नहि थि कि मोबाइल लेँ सके। घऱ भि बहोत मुश्किल सें चलरहा थां। तोँ मोबाइल कान्हा सें लेता।
राजूशाम कों जबघऱ जाने वाला थां तबसेठ केँ पास जाता हैं।
राजू - सेठजी कुछ पैसे चाहिए थें।
सेठ - किसलिए। ओरकल हि तौ मैने तुम्हे 40000 हजारदिए थें।
राजू - वोँ सेठजी कुछ पैसे कां घऱ पर्र सामान लें गय़ा ओर बाकी पैसे कर्ज चुकाने केँ लिएदे देदिए। आज मुझे मोबाइल लेने केँ लिए पैसे चाहिए।
सेठ - हु। यहबात हैं कितने पैसे बाकी हैं तुम्हारे कर्जे केँ।
राजू - 25000 हजार।
सेठ - चलो मेरेसंग।
सेठ राजू कों एक् मोबाइल शॉप पर्र लें जाता हैं ओर राजू कों दो मोबाइल दिला देता हैं। ओर राजू कों 25000 हजारअगल सें देता हैं।
राजू - सेठजी यह मे नहि लेँ सकता आप् नें पहले हि मेरेलिए बहोत किया हैं।
सेठ - नहि राजूयह तुम्हे लेने हि होंगे। तुम् मे मुझे मेरा पोता दिखता हैं एक् गाड़ी एक्सीडेंट मे मेरा पूरा परिवार ख़त्म हौ गय़ा मगरपता नहि क्यूं तुम् मे मुझे मेरा पोता दिखता हैं। आज सें तुँ मेरा पोता हैं ओर राजू कों गलेलगा कर रोने लगता हैं।
राजूकुछ नहि बोलता सेठ कों गलेलगा लेता हैं
राजू - दादाजी जी।
राजू केँ मुंह सें दादाजी जीसुन करसेठ बहोत खुश होता हैं। राजू केँ सेठ केँ बीच मे ओर भि कई बाते होती हैं। सेठ राजू कों खुशी सें गलेलगा कर राजू कों बस स्टैंड छोड़ देता हैं
पप्पू - दोस्त तूँ कान्हा चला गय़ा थां।
राजू पप्पू कों सारीबात बता देता हैं कुछबात छोड़कर। राजू पप्पू कों मार्केट लें जाता हैं ओरकुछ सामान लेते हैं ओरबस मे चढ़कर दोनों घऱ आँ जाते हैं।
राजूघऱ आता हैं। सिला राजू कां हि इंजरकर रही थि। सिला राजू कों पानी देती हैं। आज सिला कां मूडकुछ लग थां।
सिला - जा जल्द सें नहा लें मे खानां लगतीहु।
राजू नहाने चला जाता हैं मगरमन मे
राजू - माआज इतनी शांत केसे हैं। लगता हैं तूफान सें पहले कि शांति हैं।
राजू जोँ सामान लाया थां वोँ छुप केँ सें छत पर्र छुपा देता हैं।
राजूनहा करआता हैं दोनोमा बेटेबैठ कर खानां खाने लगते हैं। राजू पहला निवाला सिला कों खिलाता हैं सिला भि चुपचाप खा लेती हैं बोलती कुछ नहि। खाने केँ बाद सिला अपनाकाम करने लगती हैं ओर राजूचाप पऱ चला जाता हैं।
कुछसमय बाद सिला अपनाकाम करके राजू केँ बगल मे लेट जाती हैं मगर बोलती कुछ नहि।
राजू -( मन मे) लगता हैं मादिन केँ लिए नाराज हैं।
राजू - सॉरीमा आज केँ बादऐसा नहि करूंगा।
सिलाकुछ नहि बोलती।
राजू -( रोने सि आवाज़ मे ) सॉरीमा आज केँ बादऐसा नहि करूंगा पका। आप् कि शपथ।
सिला राजू कि तरफदेख करजोर जोर सें हंसने लगती हैं राजू कों कुछसमझ नहि आँ रहा थां कि सिला क्यूं हंसरही हैं।
राजू कि आंख मे आंसू आँ जाते हैं ओर सिला कों जोर सें गलेलगा लेता हैं
सिला कों जबपता चलता हैं कि राजूरो रहा हैं तोँ
सिला - (चिंता सें ) क्याँ हुआ राजूरो क्यूं रहा हैं। मेरा मजाक करना अच्छा नहि लगा तौ सॉरी मेरे बेटे।
राजू - नहि मामैडर गय़ा थां। मे कुछ भि सहनकर सकताहु मगर आपकी नाज़गी नहि।
सिला कों पता थां कि राजू मेरी नाराजगी सहन नहि कर सकता। राजू कि केवल एक् हि कमजोरी थि सिला। ओर राजू सिला कि। सिला कों बुरा लगता हैं
सिला - सॉरी राजूआज केँ बाद मे ऐसा मजाककभी नहि करूंगी।
मगर राजूकुछ नहि बोलता।
सिला - क्याँ राजा अपनी रानी कि छोटी सि गलतीमाफ नहि कर सकता।
सिला कि बातसुन कर राजू कों हंसी आँ जाती हैं।
राजू - नहि इस गलती कि माफी नहि मिलेगी। ओर इसकीसजा यह हैं कि मुझेअब रोजजब मे काम पऱ जाए तोँ मुझे एक् किस चाहिए।
सिला - ठीक हैं जैसा मेरा राजाकहे। जब गलती कि हैं तौ सजा भि तोँ मिलेगी।
सिलाओर राजू हंसने लगते हैं।
सिला - तौ मुझे भि मेरे राजा सें कुछ चाहिए
राजू - कहो आप् कों क्याँ चाहिए
सिला - वही जोँ तूँ छुपाकर छत पऱ लाया थां।
राजू -( हैरानी सें) आप् केँ केसेपता चला
सिला - बेटा माहु मे तेरीबोल क्याँ छुपाकर लाया थां
राजू - बताता हु.
aj के leye etna hi milate h agle update mai। Raaju क्या chupa krr laaya thaa seth aur raaju के bich क्या बात hue vo agle update mai ptaa chlega.
Chrome mai hi kaam chl jayega agar dns laga len too Phone kee setting mai jaa krr private dns search krke custom name wale option mai dns.adguard.com likh k ok krdo phir chrome dubara open krke website ko refresh krdo add aana band hu jayega
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Update 08.
राजू कों जबपता चलता हैं कि उसकी मम्मी कों सभीपता हैं तोँ राजू केँ पास छिपाने कों कुछ नहि थां। राजूछत केँ एक् कोने मे रखी एक् थैलीउठा कर लाता हैं
सिला - इसमें क्याँ हैं लला।
राजू - बताता हु पहले आप् बैठो तोँ सही।
राजूओर सिला अपने अपनेबैड पर्र बैठा जाते हैं। दोनोमा बेटेछत पऱ चटाईलगा कर उसकेऊपर बैडलगा लेते थें।
राजू सबसे पहले थैली मे सें चिड़िया निकलता हैं।
राजू - यह आप् केँ लिए।
सिला चूड़ियां देखकर बहोत खुश हौ जाती हैं। सिला कों रंग बिरंगी चूड़ियां पहने कां बहोत शौक थां।
सिला - राजूयह क्याँ हैं।
राजू - क्याँ हुआमा आप् कों मनपसंद नहि आई।
सिला - अरे पगलेयह तौ बहोत खूबसूरत हैं।
राजू - पसन्द आई आप् कों।
सिला - मनपसंद केसे नहि आती तूँ जोँ लाया हैं
सिला चूड़ियां देखने लगती हैं राजू सिला केँ लिएअलग अलगरंग कि कांच कि लाख कि चूड़ियां लाया थां। सिला केँ हाथों मे चूड़ियां नाँ केँ बराबर बची थि
सिला राजू कि तरफ देखती हैं तोँ नम आंखों सें।
राजू - नहि मा रोना नहि। नहि तोँ मे आप् सें बात नहि करूंगा।
सिला - नहि राजूयह तोँ खुशी केँ आंसू हैं मैने लास्ट बार इतनी खूबसूरत चूड़ियां अपनी सादी मे देखी थि उसकेबाद सीधाआज देखरही हु।
राजू - आप् चिंता मतकरो मामैहु नां मै आपकी सारी ख्वाहिश पूरी करूंगा। आप् बसकहो ओर क्याँ क्याँ चाहिए आप् कों।
सिला -(अपने आंसू पोंछकर) नहि राजू मुझेकुछ नहि चाहिए जब तक तुँ मेरेसंग हैं।
उसकेबाद राजू थैली मे सें दो मोबाइल निकलता हैं। ओर एक् सिला कों देता हैं।
राजू - यह आप् केँ लिए।
सिला -( हैरान होतेहुए) - राजूयह दो मोबाइल किसके हैं ओरदेख करलगरहा हैं कि बहोत महंगे होंगे।
राजू - यह एक् मोबाइल आप् केँ लिएओर यह एक् मेरेलिए। ओर आप् पैसे कि चिंता मतकरो मे सभी संभाल लूंगा। सिला राजू कि बातसुन कर शांत होँ जाती हैं
सिला - मगरलला मे मोबाइल कां क्याँ करूंगी। मुझे तौ यहटच वाला मोबाइल चलाना भि नहि आता।
राजू - आप् पहलेयह बताओ कि आप् कों मोबाइल मनपसंद हैं कि नहि
सिला - मनपसंद तौ हैं मगर.….
राजू - मगर वेकिन कुछ नहि आप् चलाने कि चिंता मतकरो मे हु नाँ मे आप् कों सभी सिखा दूंगा।
उसकेबाद राजू सिला कों कॉलआई करनाफोन कों उठना वीडियो फोन करनाओर भि कई सारी चीजें सीखता हैं मगर सारी चीजें नहि सीखपाई बसकॉल आई करनाओर फोन कों उठना हि सिखापाई।
राजू - देखासिख गई नां आप् ऐसे हि धीरे-धीरे धीरे-धीरे आप् बाकीसभी चीजें भि सीख जाएंगी।
सिला -( खुश हौ क)रहा राजूयह तोँ बहोत आसान हैं।
राजू - (हंसकर )सीखने केँ बादसभी आसान हौ लगता हैं।
सिला - हायहबात तौ हैं
राजू - अबजब भि आप् कों घऱ मे अकेला महसूस करो तौ आप् मुझ सें बातकर सकती हैं।
सिला(मन मे ) - सच तौ यह हैं मेरा तेरे बिनाघऱ पऱ बिल्कुल मन नहि लगता।
राजू - कान्हा खो गई आप्
सिला - नहि मे यहसोच रही थि कि सचकहा तूनेजब तूँ काम पऱ चला जाता हैं तोँ मे घऱ पर्र अकेली रह जातीहु।
राजू(हंस कर) - अबजब भि मेरा अपनीहॉट रानी सें बात करने कां मन करेगा तोँ मे मोबाइल कर लिया करूंगा।
सिला - ओरजब मेरामन मेरे राजा सें बात करने कों करेगा तोँ मे मोबाइल पर्र कर लिया करूंगी।
दोनोमा बेटे अपनी अपनीबात पर्र हंसने लगते हैं।
सिला - चल राजू सोते हैं आज बहोत लेट हौ गय़ा हैं। सुभह तुम कोकाम पर्र भि जानां हैं।
राजू - हामामगर एक् मिनिट रुको
सिला - अबओर क्याँ बाकी हैं
राजू अपनी पेंट कि जेब सें पांच हजार रुपए निकाल कर सिला कों दे देता हैं।
सिला - मुझे क्यूं देरहा हैं।
राजू - यह पैसे आप् उसशहर वाली आंटी कों दे देनाबात बात पऱ पैसे केँ लिए आप् कों तना मारती रहती हैं।
सिला -( हैरानी सें) तुम्हारी तरफ केसेपता चला
राजू - घऱ कां मर्दहु घऱ मे क्याँ चलरहा हैं यहघऱ केँ मर्द कों पता होना चाहिए।
यहबात राजू नें थोड़े तीखे स्वर मे बोलीं थि जिसे सिला नें भाप लिया थां।
सिला - ठीक हैं बाबाआज सें कोईबात तुझ सें नहि छुपाऊ जी। नाराज क्यूं होँ रहा हैं।
राजू - नाराज नहि हौ रहाहु बसबता रहाहु सो जाइए मुझे भि नींद आँ रही हैं
दोनोमा बेटे एक् दूसरे केँ बगल मे सो जाते हैं मगर नींद किसी कों नहि आँ रही थि।
कुछ वक्त तक दोनो केँ बीच सन्नाटा रहता हैं।
कुछ वक़्त बाद राजू सिला कों अपनी बांहों मे भर लेता हैं ओर माथे पर्र किस करता हैं
सिला राजू कों देखने लगती हैं मगर बोलती कुछ नहि
राजू - सो जाइएकल सुभह जल्द भि उठना हैं ओर मुझेकाम पर्र भि जानां हैं।
सिलाकुछ नहि बोलती बस राजू केँ बांहों मे आहिस्ता सो जाती हैं।
सिला - (मन मे )अब मुझे अच्छी नींद आएगी।
दोनोमा बेटेसो जाते हैं इस टाइम दोनों मा बेटेऐसे लगरहे थें जैसेनए दुलहा दुल्हन सोरहे हौ।
अगली सुभह।।
अगली सुभह सिला कि नींद अपने वक्तखुल जाती हैं। सिलाजब अपने आप् कों देखती हैं तोँ उसे हंसी आँ जाती हैं क्योंकि सिला राजू केँ ऊपरसोई थि। सिला प्रेम सें राजू कों देखती हैं।
सिला - ( मन मे) यह क्याँ चमत्कार कर दिया हैं तूने राजूजब तक तुँ मुझे बांहों मे भरकर नहि सोता मुझे नींद नहि आती। मेरामन तोँ ऐसाकर रहा हैं जैसेबस तेरे बांहों मे सोई रहूं।
मगर अगले हि लम्हा सिला कों अपनेपेट पऱ कुछ चुभता हैं।
सिला जल्द सें खड़ी होती हैं ओर देखती हैं तोँ सिला कों हंसी आँ जाती हैं। राजू कां सुभह सुभह लंड खड़ा थां जौ कि हर लड़के केँ संग होता हैं
सिला - लगता हैं लड़का जवान होँ गय़ा हैं।
सिलाउठ कर नहाने चली जाती हैं। सिला फ्रेश होती हैं ओरनहा कर राजू कि लाई एक् खूबसूरत सि साड़ी पहनकर राजू कों उठनेचली जाती हैं।
राजू - उठजा बेटा कब तक सोया रहेगा।
राजूउठ जाता हैं ओरजब अपनी आंखे खोलता हैं तोँ राजू कां मुंह खुला कां खुला हि रह जाता हैं। ओर कारण थां यह
सिला बहोत हि हॉटएंड सेक्सी लगरही थि
गोल चेहरा गुलाबी जूसी होंठ हिरणी जैसी आँखें छोड़ी छातीओर उस पर्र दोगोल गोल बारी भरकम बूब्स नीचे सपाटपेट उस पऱ थोड़ी चर्बी। उसकेबीच मे गोल एक् गहरी नाभि। जिसे जौ भि देखेबस चूसने कां मनकरे।
सिलाइस वक्त बहोत हि जान लेवालग रही थि जौ भि एक् बार देखेबस देखता हि रहजाए। वहीहाल इस वक्त राजू कां थां
सिलाजब देखती हैं कि राजूउसी कि तरफदेख रहा हैं तोँ सिला कों थोड़ी लज्जा आती हैं
सिला - ऐसे क्याँ देखरहा हैं पहले मुझेकभी देखा नहि क्याँ।
राजूहोस मे आतेहुए - देखा तौ हैं मामगर आज सें पहले आप् इतनी सुन्दर कभी नहि लगी।
सिला कों राजू केँ मुंह सें अपनी तारीफ अच्छी लगती हैं।
राजू - मा आप् एक् अच्छा सां पोजदो नाँ मे आप् कि एक् फोटो लेताहु।
सिला - नहि राजू मुझे लज्जा आती हैं
राजू - लज्जा किसीमा आप् केँ ओर मेरे अलावा ओरकौन हैं याह।
सिला - नहि मगरफिन भि मुझे लज्जा आती हैं।
राजू - प्लेस मामान जाओ नाँ बस एक् फोटो।
सिला राजू कों मना नहि कर पाती।
सिला - केवल एक् फोटो।
राजू - हामा केवल एक् फोटो। एक् अच्छा सां पोज देना।
सिला एक् सिंपल सां पोज देती हैं ओर राजू फोटो लेँ लेता हैं
सिलाइस समय बहोत कयामत लगरही थि कि आज कि लड़कियों भि फेल हौ जाए।
राजू सिला कों फोटो दिखाता हैं।
राजू - यह देखोमा आप् कितनी हॉटलग रही हौ।
सिला - हट पागल अपनी मम्मी कों हॉट बोलता हैं।
अभि केँ लिए इतना हि मिलते हैं अगले एपसोड मे। होँ सकता हैं भाग छोटा हैं मगर वक्त मिला तोँ आजरात तक एक् एपसोड ओरदेदूं गा
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